अमर उजाला ब्यूरो
हरदोई/टोडरपुर। मझिला थाना क्षेत्र के ग्राम टेढ़वा चतुरपुर में बीमारी से परेशान एक महिला ने कमरे में खुद को बंदकर आग लगा ली। लपटें उठती देख परिजनों ने दरवाजा तोड़कर उसे निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मझिला थाना क्षेत्र के टेढ़वा चतुरपुर निवासी सत्यफल का विवाह पश्चिम बंगाल के कोलकाता निवासी जीवन की पुत्री बेबी के साथ हुआ था। पिछले लगभग छह वर्ष से बेबी पेट दर्द सहित अन्य परेशानियों से ग्रस्त थी और इसके चलते परेशान रहती थी। मंगलवार रात लगभग आठ बजे सत्यफल अपने बच्चों दीपक, अजय और नीरज के साथ घर के बाहर बैठा हुआ था। इसी दौरान बेबी (35) ने खुद को घर के अंदर कमरे में बंद कर लिया। केरोसीन छिड़कर खुद को आग लगा ली। चीख पुकार सुनकर जब सत्यफल अंदर गया तो उसे लपटें दिखाई दीं। उसने शोर मचाकर अन्य ग्रामीणों को बुलाया और फिर कमरे का दरवाजा तोड़ दिया। किसी तरह बेबी को बाहर निकालकर आग बुझाई, लेकिन तब तक उसकी मौत हो गई। घटना की जानकारी पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेकर बुधवार को पोस्टमार्टम कराया। मझिला थानाध्यक्ष अशोक यादव ने बताया कि घटना को लेकर कोई आरोप नहीं है। बीमारी से परेशान होकर महिला ने खुदकुशी की है।
कमरे में खुद को बंदकर महिला ने आग लगाई, मौत
- मझिला थाना क्षेत्र के टेढ़वा चतुरपुर की घटना
- परिजनों ने बताया कि बीमारी की वजह से थी परेशान