फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खंभे से टकराई कार, एक की मौत, चार घायल

Sun, 23 Jul 2017 11:04 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, हरदोई
विज्ञापन
मुर्दाघर के बाहर मौजूद मृतक के परिजन। - फोटो : amarujala
विज्ञापन
हरदोई। लोनार कोतवाली क्षेत्र जगदीशपुर चौराहा के निकट साइकिल सवार को बचाने के चक्कर में एक कार खंभे से टकराकर पलट गई। कार सवार दंपति समेत चार लोगों के अलावा साइकिल सवार भी गंभीर रूप से घायल हो गया। घायलों को एंबुलेंस से जिला चिकित्सालय भेजा गया। यहां पति को मृत घोषित कर दिया गया। जबकि  महिला व साइकिल सवार को लखनऊ रेफर कर दिया गया।
विज्ञापन


शाहजहांपुर जनपद के अल्लाहगंज थाना क्षेत्र के ग्राम चिलउआ निवासी विनीत कुमार (25) लगभग एक वर्ष से बीमार चल रहे थे। उनका इलाज लखनऊ के एसजीपीजीआई में चल रहा था। शनिवार को हालत ज्यादा बिगड़ने पर विनीत की पत्नी आरती (24), बड़े भाई अनुपम (28) और करीबी रिश्तेदार कोइला अल्लाहगंज  निवासी अमित (24) के  साथ कार से विनीत को पीजीआई ले गए थे।

रविवार सुबह वहां से वापस आते समय लोनार कोतवाली क्षेत्र के जगदीशपुर चौराहा के पास अचानक सड़क पर आए साइकिल सवार को बचाने के चक्कर में कार बेकाबू हो गई। साइकिल सवार को टक्कर मारते हुए कार खंभे से लड़ने के बाद पलट गई।
विज्ञापन


घटना में कार सवार सभी लोगों के अलावा साइकिल सवार मुजाहिदपुर थाना लोनार निवासी चीनी (45)  भी गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने घायलों को एंबुलेंस से जिला अस्पताल भेजा। जहां डॉक्टर ने विनीत कुमार को मृत घोषित कर दिया। आरती और चीनी की गंभीर हालत देखते हुए उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया गया।

आनी थी मौत लेकिन बदल गया बहाना
घटना की जानकारी पाकर हरदोई के मुर्दाघर पहुंचे चिलउआ के ग्रामीणों ने बताया कि विनीत की हालत अधिक खराब हो चुकी थी। उसके लीवर और किडनी में गंभीर समस्या थी। पीजीआई में भी डॉक्टर जवाब दे चुके थे, लेकिन उम्मीद में परिजन लगातार चक्कर लगा रहे थे। मौत तो आनी थी लेकिन बहाना बदल गया। विनीत यूं तो अधिवक्ता था, लेकिन चिलउआ के निकट ही एक हार्डवेयर की दुकान भी चलाता था। परिवार में पत्नी आरती के अलावा दो पुत्रियां एकता (07) और नीती (05) हैं।

दूसरे बेटे की मौत ने तोड़ दिया बुजुर्ग दंपति को
विनीत कुमार के पिता कृष्ण मुरारी पांडे डेढ़ वर्ष पूर्व ही प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक के पद से सेवानिवृत्त हुए हैं। कृष्ण मुरारी का भरापूरा परिवार था। पत्नी कुसमा के अलावा तीन बेटे प्रवीण पांडे, अनुपम पांडे और विनीत कुमार के साथ जीवन हंसी खुशी से बीत रहा था। न जाने किसकी नजर लगी और परिवार एक साल में ही तहस-नहस हो गया। कृष्ण मुरारी के बड़े पुत्र प्रवीण पांडे की गत वर्ष जुलाई में हार्टअटैक से मौत हो गई थी। विनीत उसके बाद से ही बीमार था और रविवार को हुए सड़क हादसे में उसकी भी मृत्यु हो गई। मझला बेटा अनुपम भी घटना में घायल हो गया।
विज्ञापन


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें