जिले में 6 से 14 वर्ष तक के बच्चों को अनिवार्य रूप
से प्राथमिक शिक्षा देने के उद्देश्य से अभिभावकों को जागरूक करने को
जागरूकता रैली निकाली गई। रैली में शत प्रतिशत विद्यार्थियों को नामांकन
कराने पर जोर दिया गया। उधर, कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों की
बालिकाओं ने भी रैली निकाला बच्चों का विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित किया।
स्कूल चलो अभियान के तहत मंगलवार को स्वर्ण जयंती चौराहे से जिलाधिकारी
रमेश मिश्र ने जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस मौके पर
डीएम रमेश मिश्र ने कहा कि छह से 14 वर्ष तक के सभी बच्चों का नामांकन
स्कूलों में कराया जाए। बच्चों के अभिभावकों को जागरूक किया जाए कि वह अपने
बच्चों को स्कूल पढ़ने अवश्य भेजे।
उन्होंने कहा कि बालक-बालिकाओें में
भेद किए बगैर दोनों को सामान रुप से पढ़ने का अवसर दिया जाए और जो बालिकाएं
किसी कारण वश अपनी पढ़ाई सुचारु रूप से नहीं कर सकी है ऐसे बालिकाओं को
चिह्नित कर कस्तूरबा गांधी आवासीय स्कूलों नामांकन कराया जाए।
रैली में
स्वर्ण जयंती चौराहे से शुरू होकर नुमाइश चौराहा, बड़ा चौराहा, सिनेमा
चौराहा, सोल्जर बोर्ड चौराहा होते हुए गांधी भवन परिसर में पहुंच कर समाप्त
हुई। इस मौके पर बीएसए डा. बृजेश मिश्र ने कहा कि सभी विद्यालयों में एक
अप्रैल से शिक्षा सत्र शुरू हो जाएगा।
बच्चों की प्रवेश प्रक्र्रिया 31
मार्च तक पूरी कर ली जाए, ताकि एक अप्रैल से कक्षाएं संचालित होने लगे। इस
मौके पर प्राथमिक शिक्षक संघ जिलाध्यक्ष शिव शंकर पांडेय, जूनियर हाईस्कूल
शिक्षक संघ के महामंत्री संतोष अग्निहोत्री, श्रीकांत पांडेय, जिला समन्वयक
बलवीर शस्त्री, शैलेंद्र मिश्र सहित विभागीय अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी
मौजूद थे।
उधर, कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय बावन में विद्यालय की
बालिकाओं ने जागरूकता रैली निकाली। रैली में अभिभावकों को बच्चों को
विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित किया। इस मौके पर स्कूल की वार्डन अशरफ
रानी, लेखाकार राघवेंद्र दीक्षित, फुलटाइम टीचर मंजू वर्मा, सपना, रिचा अग्निहोत्री, बीना कश्यप, नीलम और आशारानी आदि थे।