जूनियर स्कूलों में टीचर पद के लिए नियुक्ति पत्र का
इंतजार कर रहे आवेदकों को नियुक्ति पत्र न मिलने पर आवेदकोें ने हंगामा
किया और कोर्ट के निर्देश के बाद भी नियुक्ति पत्र जारी न करने पर जिला
प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। वहीं डायट में महिला आवेदकों को विद्यालय चयन का
मौका दिया गया।
काउंसिलिंग के कारण डायट में आवेदकों की भारी भीड़ एकत्रित
रही। उधर, बीएसए से भी आवेदकों की नोकझोंक हुई। ज्ञात हो कि शासन के
निर्देश पर जूनियर स्कूलों में गणित व विज्ञान विषय के टीचरों की नियुक्ति
के लिए आवेदकों को 21 सितंबर तक नियुक्ति पत्र जारी करने थे। जिले में 694
टीचरों की नियुक्ति की जानी है।
इसमें 347 विज्ञान व 347 गणित के पद थे।
विभाग की ओर से इस बाबत 20 सितंबर को महिला व विकलांग आवेदकों को स्कूल
चुनने के लिए काउंसिलिंग की जानी थी, पर तैयार मेरिट लिस्ट में गड़बड़ी
होने पर पहले काउंसिलिंग कराने वाले आवेदक बाहर हो गए, जिस पर आवेदकों ने
आपत्ति दर्ज कराई थी, जिससे विभाग को नए सिरे से मेरिट सूची तैयार करानी
पड़ी और 20 सितंबर को काउंसिलिंग नहीं हो सकी थी।
सोमवार को महिला आवेदकों
की काउंसिलिंग होनी थी, पर दोपहर तक काउंसिलिंग शुरू नहीं करा सकी। इस
पर आवेदकों ने सोमवार को ही नियुक्ति पत्र जारी करने की मांग कर हंगामा
किया। इससे काफी देर तक डायट में अफरातफरी का माहौल रहा। काफी देर बाद
काउंसिलिंग शुरू हुई, जो देर शाम तक जारी रही।
उधर, डायट में बीएसए के
पहुंचने पर आवेदकों ने उनको घेर लिया और नियुक्ति पत्र जारी करने की मांग
करने लगे। जिस पर बीएसए ने असमर्थता जाहिर की। इसको लेकर काफी देर तक बीएसए
व आवेदकों के बीच नोकझोंक होती रही। बीएसए से मंगलवार की सुबह नियुक्ति
पत्र जारी करने के आश्वासन पर आवेदक शांत हुए।
उधर, नियुक्ति पत्र न मिलने
पर कुछ आवेदक कलक्ट्रेट पहुंचे और शासन के निर्देश के बाद भी बीएसए द्वारा
नियुक्ति पत्र जारी न करने का आरोप लगाते हुए ज्ञापन सौंपा। एडीएम ने शीघ्र
नियुक्ति पत्र जारी कराने का आश्वासन दिया।