फोटो 30: आंगनबाड़ी केंद्र पर मौजूद नौनिहाल व कार्यकर्ता। स्रोत : विभाग
हरदोई। आंगनबाड़ी केंद्रों पर पंजीकृत नौनिहालों की भी अब ऑटोमेटेड परमानेंट अकादमिक अकाउंट रजिस्ट्री (अपार) आईडी बनेगी। नौनिहालों की अपार आईडी बनाने की जिम्मेदारी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को सौंपी गई है।
बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार और शिक्षा विभाग से जुड़ी योजनाओं के प्रभावी संचालन के लिए अब आंगनबाड़ी केंद्रों पर पंजीकृत नौनिहालों की भी अपार आईडी बनवाई जाएगी। प्री-प्राइमरी शिक्षा के लिए आंगनबाड़ी केंद्रों पर पंजीकृत 3-6 साल आयु वर्ग के नौनिहालों की अपार आईडी बनाए जाने के संबंध में बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग की निदेशक सरनजीत कौर ब्रोका ने 3-6 साल आयु वर्ग के नौनिहालों की अपार आईडी बनवाए जाने के लिए जिला कार्यक्रम अधिकारियों को आदेश दिए हैं।
जिले में 20 बाल विकास परियोजना के 3,930 आंगनबाड़ी केंद्रों पर 3-6 साल आयु वर्ग के दर्ज 1,09,669 नौनिहालों की अपार बनवाई जाएगी। इससे नौनिहालों का डिजिटल शैक्षिक रिकॉर्ड तैयार होना शुरू हो जाएगा। इससे नौनिहालों के भविष्य में शिक्षा से जुड़ी योजनाओं के लाभ और उनकी आगे की पढ़ाई में आईडी काम आ सकेगी।
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राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत शिक्षा प्राप्त कर रहे सभी की अपार आईडी बनवाई जानी हैं। परिषदीय और माध्यमिक विद्यालयों के बाद अब प्री-प्राइमरी शिक्षा हासिल कर रहे नौनिहालों की भी अपार आईडी बनवाने की व्यवस्था दी गई है। इससे बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्र के साथ ही भविष्य में पढ़ाई के दौरान शिक्षण संस्थानों से सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा। -मनोज कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी