हरदोई। रासायनिक खादों के स्थान पर किसान जैविक और गो-आधारित खेती को अपनाएं। इससे उत्पादन अधिक होगा और अनाज समाज के लिए लाभकारी सिद्ध होगा। जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती ने कहा कि किसान पारंपरिक खेती के साथ ही सहफसली को अपनाएं।
उप निदेशक कृषि कार्यालय में सोमवार विराट मेला व प्रदर्शनी का शुभारंभ जिला पंचायत अध्यक्ष ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। उन्होंने किसानों को सम्मानित किया और कहा कि किसान जैविक खेती को अपनाएं। धान की फसल के अवशेष खेतों में न जलाएं। अस्थाई पशु आश्रयस्थलों से पराली के बदले में गोबर की खाद प्राप्त करें। उप निदेशक कृषि डाॅ. नंद किशोर ने पीएम किसान में भेजी गई किस्त के साथ ही योजनाओं और कार्यक्रमों की जानकारी दी। कृषि वैज्ञानिक डॉ. त्रिलोकी नाथ राय, डॉ. आरडी तिवारी, डीडीओ कमलेश कुमार, जिला कृषि रक्षा अधिकारी विनीत कुमार ने विभागीय योजनाओं की जानकारी दी।