पाली (हरदोई)। सोमवार को धनुष यज्ञ के साथ ऐतिहासिक श्रीराम लीला का शुभारंभ हो गया। मेले में जहां बाहरी दुकानें लगने लगी हैं, वहीं मेला कमेटी ने श्रीराम बारात की बेहतर तैयारी के साथ ही धार्मिक, सांस्कृतिक कार्यक्रम व मनोरंजन की अच्छी व्यवस्था की है।
नगर के ऐतिहासिक रामलीला मैदान मेें संपन्न हुए धनुष यज्ञ मेें लक्ष्मण-परशुराम संवाद का जीवंत चरित्र चित्रण पेश किया गया, जिसमें करीब 50 साल से परशुराम की भूमिका अदा कर रहे 95 वर्षीय मेला कमेटी के अध्यक्ष कैलाश काका का उत्साह उम्र के इस पड़ाव पर भी युवाओं से कहीं बेहतर देखने को मिला। लीला के मंचन में श्रीराम ने शिवजी का धनुष तोड़ा, जिसकी सूचना पाकर परशुराम खफा हो गए और उन्होंने राम व लक्ष्मण पर क्रोध प्रकट करते हुए उन्हें युद्ध के लिए ललकारा। उन्होंने जैसे ही यह जाना कि भगवान ने दुष्टोें के संघार के लिए पृथ्वी पर अवतार लिया है, तो वह क्षमा याचना कर तपस्या के लिए वन की ओर प्रस्थान कर गए।
इस बाबत मेला कमेटी के मंत्री रामू अग्निहोत्री ने बताया कि नगर के ऐतिहासिक मेले के लिए बेहतर व्यवस्था की गई है। वृंदावन की रासलीला, नौटंकी का भी आयोजन किया गया है। बताया कि 30 सितंबर को श्रीराम बारात, 1 अक्तूबर को राम वनवास, 2 को भरत चित्रकूट गमन व श्रीराम भेंट, 3 को जयंत लीला, 4 को सूर्पणखा वध, 5 को खरदूषण वध, 6 को मारीच वध, सीता हरण, 7 को राम-सुग्रीव मित्रता, बालि का वध, 8 को लंका दहन, सेतु निर्माण, 9 को अंगद-रावण संवाद, 10 को लक्ष्मण शक्ति, 11 को कुं भकरण वध, 12 को मेघनाथ वध, 13 को अहिरावण वध, 14 को रावण युद्ध, 15 को रावण वध, श्रीराम राज्याभिषेक होगा।