हरदोई। यूपी बोर्ड परीक्षा केंद्रों को बनाने में अब जिला स्तरीय अधिकारी खेल नहीं कर पाएंगे। इस बार हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की परीक्षा के लिए केंद्रों का निर्धारण ऑनलाइन किया जाएगा।
इसको लेकर अपर मुख्य सचिव व माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने भी वीडियों कांफ्रेंसिंग के माध्यम से डीआईओएस को 15 सितंबर तक कॉलेजों का आधारभूत संरचना का डाटा निर्धारित प्रारूप पर ऑन लाइन सत्यापन कर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
माध्यमिक शिक्षा परिषद ने गाइड लाइन जारी करते हुए जिला स्तरीय समिति के स्तर से बनाए जाने वाले परीक्षा केंद्रों की व्यवस्था को समाप्त कर दी है। वर्ष 2018 की यूपी बोर्ड परीक्षा के लिए परीक्षा केंद्रों का निर्धारण ऑन लाइन प्रक्रिया के तहत किया जाएगा। इसके लिए सभी विद्यालयों का आधारभूत संरचना का डाटा परिषद की वेबसाइट पर अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसको लेकर मंगलवार को अपर मुख्य सचिव संजय अग्रवाल व माध्यमिक शिक्षा निदेशक अमर नाथ वर्मा ने डीआईओएस कोे वीडियों कांफ्रेंसिंग के माध्यम से भी यह निर्देश जारी किए हैं। डीआईओएस नरेंद्र शर्मा ने बताया कि आधारभूत संरचना के तहत विद्यालयों की संपूर्ण जानकारी मांगी गई है।
विद्यालयों का डाटा दूरी निर्धारण एप के तहत ऑन लाइन भी कराया जा रहा है। कॉलेजों के डाटे का ऑन लाइन सत्यापन कर 15 सितंबर तक परिषद की वेबसाइट पर फारवर्ड कर दिया जाएगा। बोर्ड विद्यालयों के समस्त डाटा के आधार पर ही परीक्षा केंद्रों का निर्धारण करेगा।
विद्यालयों से दूरी की देनी होगी जानकारी
यूपी बोर्ड परीक्षा केंद्रों की दूरी आठ किमी की परिधि में होनी चाहिए। इसको लेकर परिषद ने डीआईओएस कार्यालय से आठ किमी की परिधि में आने वाले विद्यालयों के कोड और उनके नाम भी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ प्रबंधतंत्र में विवाद वाले विद्यालयों की सूची उपलब्ध कराने को कहा है।
वेबसाइट पर मोबाइल एप भी उपलब्ध
विद्यालयों की मैपिंग कराने के लिए पहले से ही एक मोबाइल एप तैयार किया जा चुका है। यह मोबाइल एप परिषद की वेबसाइट पर उपलब्ध है। इस एप के डाउन लोड करने के बाद विद्यालय के यूजर आईडी व पासवर्ड के लांगिंन के माध्यम से प्रधानाचार्यों को विद्यालयों की मैपिंग कराने के निर्देश दिए गए हैं।
इन बिंदुओं पर रखना होगा ध्यान
विद्यालय में उपलब्ध संसाधन, शिक्षण कक्ष, फर्नीचर आदि की व्यवस्था
विद्यालयों में उपलब्ध शिक्षण कक्षों की संख्या व साइज
प्रश्नपत्रों व उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षा के लिए अलमारी की व्यवस्था
अग्निशमन, बिजली व्यवस्था, चहारदीवारी, मुख्य प्रवेश आदि की सुविधा
सीसीटीवी कैमरा, शुद्ध पेयजल व शौचालय की व्यवस्था
कंप्यूटर सिस्टम व आपरेटर की व्यवस्था होना
-अपर मुख्य सचिव व माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से दी जानकारी
-विद्यालयों का डाटा ऑनलाइन कर 15 सितंबर तक बोर्ड को भेजने के निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो