संवाद न्यूज एजेंसी
हापुड़। 22 जुलाई को सावन की शुरुआत के साथ कांवड़ यात्रा भी शुरू हो रही है। जिले से हजारों की संख्या में शिवभक्त हरिद्वार से गंगाजल लाने के लिए रवाना होंगे। हरिद्वार तक जाने के लिए सिर्फ एक ट्रेन का सहारा मिलेगा। ऐसे में श्रद्धालुओं को बसों का सहारा लेना पड़ेगा।
हरिद्वार से गंगाजल लाने के लिए प्रत्येक वर्ष शहर व आसपास के गांवों से हजारों की संख्या में शिवभक्त हरिद्वार के लिए ट्रेन, बसों से रवाना होते हैं लेकिन, हरिद्वार के लिए दिल्ली से चलकर देहरादून जाने वाली मसूरी एक्सप्रेस ट्रेन के सहारे रहना पड़ता है, जिससे ट्रेन में भीड़ बढ़ जाती है और शिवभक्तों को परेशानी झेलनी पड़ती है।
रेलवे द्वारा विभिन्न रूटों पर कांवड़ स्पेशल ट्रेन का संचालन शुरू किया गया है लेकिन, शिवभक्तों को हरिद्वार तक ले जाने के लिए हापुड़ रेलवे स्टेशन पर किसी टे्रन का ठहराव नहीं दिया गया है। ब्रजघाट से गंगाजल लाने के लिए हजारों की संख्या में शिवभक्त जाते हैं लेकिन, यहां भी किसी अतिरिक्त ट्रेन का ठहराव नही मिल सका है।
ऐसे में शिवभक्तों को गंगाजल लाने के लिए रोडवेज बसों का सहारा लेना पड़ेगा या फिर भीड़ में खड़े होकर ही ट्रेन में यात्रा करनी पड़ेगी। स्थानीय लोगों ने रेल प्रशासन से कांवड़ स्पेशल ट्रेन का संचालन कराने की भी मांग की है, जिससे शिवभक्तों को राहत मिल सके।
मुरादाबाद रेल मंडल के वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक आदित्य गुप्ता का कहना है कि ट्रेनों के संचालन और ठहराव का निर्णय रेलवे मुख्यालय द्वारा लिया जाता है। फिलहाल अति व्यस्त रूटों पर कांवड़ स्पेशल ट्रेनों का संचालन शुरू किया जा रहा है।