हापुड़। विधानसभा क्षेत्र के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत अभी जिले में करीब 1.25 लाख मतदाताओं तक नोटिस पहुंचाए जाने हैं, जबकि आयोग ने दावे और आपत्ति व नोटिस पर सुनवाई का समय बढ़ाया है। वहीं, वितरित हुए नोटिस पर अभी तक करीब 24 हजार लोगों की ही सुनवाई हो सकी है। ऐसे में शेष बचे समय में नोटिसों का वितरण और सुनवाई करने के लिए अधिकारियों को जोर लगाना होगा।
छह जनवरी को एसआईआर के तहत जिले में नो मैपिंग वाले 1.27 लाख लोगों को नोटिस जारी हुए थे और जनवरी के अंत तक इन नोटिसों को घर-घर पहुंचाया गया। इसके साथ ही 51 अधिकारियों ने नोटिस पर सुनवाई की, लेकिन अब जिले में नोटिस की संख्या और बढ़ गई है। इन नोटिस का वितरण बीएलओ ने शुरू कर दिया, लेकिन छह मार्च तक नोटिस का वितरण और इन पर सुनवाई दोनों होना बहुत मुश्किल लग रहा है।
वहीं, नोटिस मिलने के बाद दस्तावेजों को लेकर भी लोग परेशान हैं। हालांकि, एसआईआर के दूसरे चरण में नोटिस छपने, वितरित होने से लेकर सुनवाई तक में लापरवाही की भी शिकायतें हैं।
अनंतिम मतदाता सूची में नाम के बाद भी जारी हुए नोटिस
छह जनवरी को अनंतिम मतदाता सूची जारी हुई थी। इस सूची के साथ ही नो मैपिंग वाले 1.27 लाख लोगों को नोटिस भेजे गए। वहीं, अब अनंतिम मतदाता सूची में नाम आने के बाद भी लोगों को त्रुटि मिलने के बाद नोटिस भेजे जा रहे हैं।