दिल्ली यूनिवर्सिटी में शैक्षणिक सत्र 2017-18 में एमए, एमफिल और पीएचडी की ऑनलाइन परीक्षा में किसी तरह की गड़बड़ी नहीं होने का दावा किया जा रहा है। इसके पीछे कारण परीक्षा पर पैनी नजर को बताया जाता है।
दरअसल ऑनलाइन परीक्षा तीसरी आंख (सीसीटीवी कैमरे) की जद में कराने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए प्रत्येक सेंटर और उम्मीदवार की गतिविधियों की मॉनिटरिंग के लिए सीसीटीवी सर्विलांस सिस्टम लगाया जाएगा। गौरतलब है कि डीयू पहली बार पीजी स्तर की ऑनलाइन परीक्षा का आयोजन करने जा रहा है।
दिल्ली यूनिवर्सिटी बीते साल से पीजी स्तर पर डीयू एंट्रेस टेस्ट (डीयूईटी) आयोजित कर रहा है। बीते साल प्रशासन ने बाहर के छह शहरों में पीजी कोर्सेस के लिए ऑफ लाइन प्रवेश परीक्षा आयोजित की थी।
लेकिन इस बार लगभग 18 शहरों ( वाराणसी, चंडीगढ़, जम्मू, दिल्ली-एनसीआर, अहमदाबाद, मुंबई, बैंगलुरु, भोपाल, भुनवेश्वर, कोलकाता, चैन्नई, गुहाटी, हैदराबाद, जयपुर, नागपुर, पटना, रांची और त्रिवेंद्रम) में यह ऑनलाइन परीक्षा होगी।
इतने बड़े स्तर पर आयोजित होने जा रही परीक्षा के लिए प्रशासन किसी भी तरह की ढिलाई बरतने के मूड में नहीं है। लिहाजा सेंटरों पर कड़ी नजर रखने के लिए सीसीटीवी से निगरानी करने का फैसला किया गया है।
बाहरी एजेंसी के सहयोग से यह ऑनलाइन परीक्षा आयोजित होनी है, ऐसे में एजेंसी की जिम्मेदारी होगी कि इस परीक्षा के लिए बनाए जाने वाले हर सेंटर पर सीसीटीवी कैमरी की व्यवस्था हो। यह कैमरे भी ऐसे होंगे जिससे कि हर एक उम्मीदवार पर आसानी से नजर रखी जा सके।
प्रशासन का मानना है कि इससे गड़बड़ी की गुंजाइश नहीं रहेगी। गौरतलब है कि दो घंटे की ऑनलाइन परीक्षा में मल्टीपल च्वॉइस प्रश्न पूछे जाएंगे और परीक्षा का माध्यम हिंदी और अंग्रेजी होगा। ऑनलाइन परीक्षा सुबह 8 से 10, दोपहर 12 से 2 और शाम चार बजे से छह बजे तक तीन शिफ्टों में होगी।