नोटबंदी के बाद से पावर कारपोरेशन और नगर पालिका ने एक महीने में रिकॉर्ड राजस्व प्राप्त किया है। दोनों विभागों को कुल 11 करोड़ रुपये का राजस्व मिला है। बृहस्पतिवार को 500 और 1000 के नोटों को जमा करने का अंतिम दिन है, ऐसे में बिल काउंटरों पर भीड़ लगनी तय है।
नोटबंदी के बाद 11 नवंबर को पावर कारपोरेशन और 13 नवंबर को नगर पालिका में 500 और 1000 रुपये के नोटों से बिल जमा करने के निर्देश शासन से मिले थे। पावर कारपोरेशन को तो एक ही दिन में 1.50 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो गया था।
एक महीने पर गौर करें तो पावर कारपोरेशन को कुल 10 करोड़ रुपये राजस्व मिला है। जबकि, नगर पालिका को एक करोड़ रुपये की राजस्व वसूली हुई है। बृहस्पतिवार को 500 और 1000 के नोटों को जमा करने की अंतिम तिथि है। ऐसे बिल काउंटरों पर उपभोक्ताओं की भीड़ उमड़नी तय है।
अधीक्षण अभियंता बीएल मौर्या ने बताया कि नोटबंदी के बाद से निगम को 10 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो चुका है। वहीं, नगर पालिका के कर निर्धारण अधिकारी पीके द्विवेदी ने बताया कि नोटबंदी के दौरान अच्छा राजस्व प्राप्त हुआ है।