हापुड़। अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज के मामले में शासन की ओर से गठित एसआईटी में शामिल किए गए सेवानिवृत्त जज हरिनाथ पांडेय शुक्रवार को हापुड़ पहुंचे। हालांकि उनके समक्ष भी अधिवक्ता अपने बयान या साक्ष्य प्रस्तुत करने के लिए नहीं पहुंचे। मंडलायुक्त ने अधिवक्ताओं को 11 सितंबर को बयान दर्ज कराने की अपील की है। उधर, लखनऊ में आयोजित उत्तर प्रदेश बार काउंसिल की बैठक में हड़ताल जारी रखने की बात कही गई है।
पुलिस द्वारा प्रदर्शन कर रहे अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज करने के मामले में गठित एसआईटी में हाईकोर्ट के संज्ञान लेने के बाद सेवानिवृत्त जज हरिनाथ पांडेय को शामिल किया गया था। एसआईटी पिछले एक सितंबर से मामले की जांच कर रही है। शुक्रवार को सेवानिवृत्त जज टीम के अन्य सदस्यों के साथ हापुड़ में मेरठ रोड स्थित सिंचाई विभाग के गेस्ट हाउस पहुंचे और मामले की जांच की। उन्होंने अधिकारियों से पूरे मामले की विस्तृत रूप से जानकारी ली। इस दौरान कुछ लोगों ने यहां पहुंचकर अपने बयान भी दर्ज कराए। लेकिन अधिवक्ता शुक्रवार को भी एसआईटी से दूर रहे। कोई भी अधिवक्ता एसआईटी के समक्ष बयान दर्ज कराने के लिए नहीं पहुंचा और अधिकारी अधिवक्ताओं का इंतजार करते रहे।
11 सितंबर को सिंचाई विभाग के गेस्ट हाउस बुलाया
अधिवक्ताओं द्वारा अभी तक एसआईटी से दूरी को देखते हुए कमेटी की अध्यक्ष मेरठ मंडलायुक्त सेल्वा कुमारी जे ने पत्र जारी किया है। पत्र में अधिवक्ताओं को 11 सितंबर को दोपहर 11 बजे मेरठ रोड स्थित सिंचाई विभाग के गेस्ट हाउस में उपस्थित होकर बयान दर्ज कराने, साक्ष्य, ऑडियो या वीडियो प्रेषित करने के लिए सूचित किया गया है। हालांकि अधिवक्ता अभी भी इस कमेटी से संतुष्ट नजर नहीं आ रहे हैं।