संवाद न्यूज एजेंसी
हापुड़। थाना सिंभावली क्षेत्र में साल 2003 में प्लाॅट के विवाद में गैर इरादतन हत्या के मामले में किशोर न्याय बोर्ड के पीठासीन अधिकारी विश्वनाथ प्रताप सिंह, सदस्य डॉ.स्वाति गर्ग व राजन त्यागी ने मुकदमे में शामिल बाल अपचारी को एक साल 06 महीने की सुधारात्मक अवधि की सजा सुनाई है। बाल अपचारी को राजकीय सुरक्षा के स्थान विशेष गृह गाजीपुर भेजने के आदेश दिए हैं।
25 जून 2003 को थाना सिंभावली क्षेत्र के एक गांव का नारायण सिंह अपने घर पर मौजूद थे। सुबह करीब साढ़े ग्यारह बजे गांव का ही बाल अपचारी व उसके परिजन प्लाॅट में जबरन रास्ता बना रहे थे। मामले में नारायण सिंह मौके पर पहुंचे और रास्ता बनाने का विरोध किया। इस दौरान बाल अपचारी व उसके पक्ष के लोगों ने नारायण सिंह पर लाठी, डंडों, फावड़े व राॅड से हमला कर दिया था। जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायल को अस्पताल में भर्ती कराया था।
मेरठ के अस्पताल में उपचार के दौरान नारायण सिंह की मौत हो गई थी। मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की थी। पुलिस द्वारा बाल अपचारी के खिलाफ आरोप पत्र किशोर न्याय बोर्ड प्रेषित किया गया था। जिसमें सुनवाई के पश्चात किशोर न्याय बोर्ड द्वारा बाल अपचारी को एक वर्ष छह माह की सुधारात्मक अवधि की सजा सुनाई गई है। बाल अपचारी को गाजीपुर भेजने के आदेश दिए गए हैं।