हेपेटाइटिस की एक्सपायर दवा से टीकाकरण करते हुए एक युवक को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने दबोच लिया। लोगों की शिकायत पर पहुंचे डिप्टी सीएमओ ने युवक को दबोचकर पुलिस को सौंप दिया। उसके खिलाफ सेहत से जानलेवा खिलवाड़ की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
वह लोगों को बहकाकर 50-80 रुपये लेकर बेकार दवा से टीके लगा रहा था। यह दवा लोगों की जान ले सकती है। कुछ युवकों का एक गिरोह शहर में एक सप्ताह से हेपेटाइटिस का टीकाकरण कर रहे हैं। खुद को एक एजेंसी के कार्यकर्ता बताकर टीकाकरण करने के बदले में 50 से 80 रुपये प्रति व्यक्ति की वसूली की जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग के अफसरों को इसकी शिकायत मिली थी। सीएमओ ने आरोपियों की धरपकड़ के लिए टीम गठित की थी। बुधवार को महमूदपुर निवासी योगेंद्र कोटला सादात में हेपेटाइटिस-बी का टीकाकरण कर रहा था।
इस दौरान किसी ने डिप्टी सीएमओ डा.राकेश अनुरागी को इसकी सूचना दी। आनन फानन में मौके पर पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने योगेंद्र को दबोच लिया। योगेंद्र खुद को एक रजिस्टर्ड फर्म का कर्मचारी बताकर अफसरों से भिड़ गया।
इस दौरान टीकाकरण की वैक्सीन देखकर अफसरों ने होश उड़ गए। सभी दवा चतुर्थ श्रेणी में पहुंच चुकी थी और एक्सपायर थीं। इन दवाओं के शरीर में जाने से एनाफाईलैक्सिस होने से मरीज की मौत हो सकती है।
मामले की गंभीरता देख डिप्टी सीएमओ ने लोगों की मद्द से आरोपी को दबोचा और थाना देहात पुलिस को सौंप दिया। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया है।