हंगामे के बीच मनीष कंसल मक्खन बने श्री पंचायती गोशाला के प्रधान
हापुड़। गढ़ रोड स्थित श्री पंचायती गोशाला में रिक्त पदों पर नियुक्ति करने के लिए शनिवार को आयोजित बैठक में जमकर हंगामा हुआ। हंगामे के बाद वरिष्ठ उप-प्रधान राजीव गर्ग और उनके समर्थकों ने बैठक का बहिष्कार किया। जिसके बाद बाकी सदस्यों ने प्रधान पद पर मनीष कंसल मक्खन और कनिष्ठ उप-मंत्री पद पर वीरेंद्र कंसल को नियुक्त कर दिया। समर्थकों ने फूलमाला पहनाकर उनका स्वागत किया।
श्री पंचायती गोशाला के प्रधान नरेश अग्रवाल कसेरे की मृत्यु के बाद यह पद रिक्त चल रहा था और इसका कार्यभार वरिष्ठ उप प्रधान राजीव गर्ग दतियाने वाले देख रहे हैं। शनिवार को रिक्त पदों पर नियुक्ति और अन्य मुद्दों को लेकर प्रबंध कार्यकारिणी की बैठक का आयोजन किया गया था। बैठक कमेटी के प्रधान पद के लिए अनुज मित्तल ने मनीष कंसल मक्खन के नाम का प्रस्ताव रखा। जिसका वीरेंद्र ने समर्थन किया। कनिष्ठ उप-मंत्री पद के लिए वीरेंद्र कंसल के नाम का प्रस्ताव समिति के वरिष्ठ उप-मंत्री टुक्कीराम गर्ग ने रखा। जिसका विभु गोयल ने समर्थन किया। बैठक में नियुक्ति को नियमविरुद्ध बताते हुए राजीव गर्ग ने समर्थकों के साथ हंगामा करते हुए बहिष्कार कर दिया। जिसके बाद सभी ने मनीष कंसल मक्खन को प्रधान चुन लिया गया। समिति के मंत्री सुरेश ठेकेदार, मोती लाल, संजीव कृष्णा, अभिषेक गोयल, प्रणव आर्य, अरुण, दीपक, ध्रुव गुप्ता, शरद गर्ग, अतुल कंसल, नीरज जैन, शालिन सिंघल आदि की मौजूदगी में मनीष कंसल को प्रधान चुन लिया गया।
वरिष्ठ उप-प्रधान राजीव गर्ग दत्तियाने वालों का कहना है कि चुनाव संविधान के विरुद्ध हुआ है। संविधान के अनुसार प्रधान स्व. नरेश अग्रवाल की मृत्यु के बाद वरिष्ठ उप प्रधान होने के नाते उनका दायित्व उनके पास आ चुका था। शनिवार की बैठक की अध्यक्षता भी मैंने ही की है। इस दौरान हंगामा होने पर अध्यक्ष होने के नाते मैंने बैठक को बीच में ही समाप्ति की घोषणा कर दी। इसके बाद गलत तरीके से रिक्त पदों पर नियुक्ति की गई हैं। बैठक का बहिष्कार करने वालों में उनके साथ अशोक छारिया, सुशील जैन, टीसी गर्ग, अरविंद, नवीन डीसीएम, शालीन सिंहल, विभोर अग्रवाल, नवीन, जगदीश प्रधान शामिल रहे।