नई बिजली दरों में हर महीने 100 से 300 रुपये ज्यादा देना होगा बिल
हापुड़। बिजली की बढ़ी विद्युत दरों पर चौतरफा विरोध जताया जा रहा है। विद्युत नियामक आयोग के इस फैसले से जहां मंदी के दौर से गुजर रहे उद्यमियों को परेशानी होगी, वहीं नलकूप किसानों को भी बढ़ा विद्युत भार झेलना पड़ेगा। जिले के लाखों घरेलू कनेक्शन धारकों को बढ़ी यूनिट दरों से बिल जमा करना होगा। उद्यमियों ने इस संबंध में बैठक कर, प्रधानमंत्री के नाम डीएम को ज्ञापन सौंपने का निर्णय लिया।
विद्युत नियामक आयोग द्वारा बिजली की दरों में 15 फीसदी तक बढ़ोत्तरी की गई हैं। पहले ही लोग महंगी यूनिटों को लेकर परेशान हैं, ऐसे में फिर से महंगाई का झटका लगने से लोग खुद को ठगा महसूस कर रहे हैं।
इन दिनों बाजार पर मंदी का असर है, उद्योगों की रफ्तार भी धीमी पड़ रही है। ऐसे में शहरी व ग्रामीण अंचल की बिजली दर 8-12 फीसदी, औद्योगिक उपभोक्ताओं के लिए 5-10 फीसदी, कृषि क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए विद्युत दरों में 9-15 फीसदी बढ़ोत्तरी किए जाने से संकट खड़ा हो गया है।
लोगों का कहना है कि पहले न्यूनतम दर 4.90 रुपये/यूनिट से बिल जमा करना मुश्किल हो रहा था। अब 5.50 रुपये/यूनिट से बिल जमा करना होगा। कुल मिलाकर विद्युत नियामक आयोग के इस फैसले का चौतरफा विरोध किया जा रहा है।
बुधवार को बढ़ी दरों के विरोध में हापुड़ स्मॉल स्केल इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बैठक कर, इन दरों को वापस न लिए जाने पर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपने का निर्णय लिया गया। बैठक में अमन गुप्ता, ललित छावनी वाले, विजय अग्रवाल, पुरुषोत्तम अग्रवाल, कपिल अग्रवाल, पुनीत दीवान, शाहिद अंसारी, गुफरान अंसारी, संजय गर्ग आदि मौजूद रहे।
उधर, रालोद कार्यकर्ताओं ने भी बढ़ी विद्युत दरों की घोर निंदा की। प्रदेश अध्यक्ष नानक चंद शर्मा ने कहा कि किसानों पर इन बढ़ी दरों का गहरा प्रभाव पड़ेगा। इन दरों को वापस नहीं लिया तो आंदोलन होगा। बैठक में शिवकुमार त्यागी, टेनपाल सिंह, लोकेश प्रधान, शिव कुमार, इंद्रपाल, सैंसरपाल, जितेंद्र मलिक आदि मौजूद रहे।
आईआईए की केंद्रीय कमेटी के सदस्य अमन गुप्ता का कहना है कि बिजली की बढ़ी दरों ने उद्यमियों की कमर तोड़ दी है। इन दरों को वापस लिया जाए, अन्यथा आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी।--फोटो संख्या--23
भाकियू भानु के जिलाध्यक्ष पवन हूण का कहना है कि किसान पहले ही परेशान हैं। ऐसे में घरेलू और नलकूप कनेक्शन की दर में बढ़ोत्तरी कर, किसानों को संकट में डाल दिया है। इन दरों को वापस नहीं लिया गया तो बिजली अधिकारियों के खिलाफ मोर्चा खोल देंगे।--फोटो संख्या--18