भाकियू की आपात पंचायत में बकाया गन्ना भुगतान का मुद्दा छाया
गढ़मुक्तेश्वर। भाकियू की आपात पंचायत में मुख्य रूप से बकाया गन्ना मूल्य भुगतान का मुद्दा छाया रहा। भाकियू ने गन्ना भुगतान न होने पर एक सितंबर से सिंभावली शुगर मिल के खिलाफ अनिश्चितकालीन आंदोलन की चेतावनी दी है। वहीं क्षतिग्रस्त गंगा पुल को लेकर भी जल्द आंदोलन की घोषणा की गई।
गढ़ नगर में स्याना रोड पर स्थित कैंप कार्यालय पर रविवार को भाकियू की आपात बैठक का आयोजन किया गया। जिसकी अध्यक्षता दिनेश त्यागी और संचालन मयंक चौहान ने किया। पंचायत में पूर्व मंडल प्रवक्ता दिनेश खेड़ा और बबली सिंह ने कहा कि सिंभावली और ब्रजनाथपुर शुगर मिलों द्वारा किसानों को गन्ना भुगतान नहीं दिया जा रहा है, जिसके चलते किसान आर्थिक तंगी से नहीं उबर पा रहे। उन्होंने कहा कि एक सितंबर से भुगतान और ब्याज की मांग को लेकर सिंभावली शुगर मिल के खिलाफ सिंभावली गन्ना समिति में एकत्र होकर अनिश्चितकानलीन आंदोलन किया जाएगा। दिनेश खेड़ा ने अधिक से अधिक किसानों से आंदोलन में भाग लेने का आह्वान किया। सलेखचंद चौधरी, सुभाष चौहान और ताज मोहम्मद ने कहा कि किसान यूरिया के लिए परेशान हैं। जिन दुकानों पर यूरिया उपलब्ध भी है, वह दुकानदार किसानों को यूरिया के साथ जबरन गैर जरूरी सामान भी किसानों को थमा रहे हैं। भाकियू ने यूरिया किल्लत समाप्त कराए जाने की मांग की।
पंचायत में नीलम त्यागी, जितेंद्र सिंह, प्रमोद त्यागी, पुष्पेंद्र सिंह, मामचंद शास्त्री, मयंक कुमार, अर्जुन लोधी, सुनील त्यागी, सतीश त्यागी, रामदत्त चौहान, दीपक चौहान, समय सिंह प्रजापत, दिनेश सेठ, लेखराज सिंह, इंदर, राजेश चौहान, महेंद्र सिंह, उमेश चौहान, सुरेंद्र चौहान, राहुल चौहान, सुनील चौहान, मुकेश कुमार, सतीश, दीपक शर्मा समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।