हापुड़। हापुड़ बार एसोसिएशन के चुनाव से पहले बार एसोसिएशन और एल्डर्स कमेटी के बीच विवाद गहरा गया है। एल्डर्स कमेटी ने कुछ अधिवक्ताओं के साथ आम सभा कर चुनाव प्रबंध समिति के गठन किया था। बार एसोसिएशन ने इसे खारिज करते हुए कार्यकारिणी की बैठक बुलाई। इसमें एल्डर्स कमेटी के तीन सदस्यों की सदस्यता को समाप्त करने का निर्णय लिया गया। हालांकि एल्डर्स कमेटी के सदस्यों ने इसे नियम विरुद्ध बताया है।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय कंसल ने बैठक में बताया कि बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने 25 अक्तूबर 2025 को आदेश दिया था। इसमें जिला व तहसील बार के चुनाव 15 नवंबर से 15 फरवरी 2026 तक स्थगित करने के आदेश जारी किए गए हैं। इसके संबंध में बार काउंसिल ने जिला बार के अध्यक्ष और एल्डर्स कमेटी के अध्यक्ष को आदेश का अनुपालन करने के लिए सूचित था। इसके अतिरिक्त पूर्व में बार काउंसिल ऑफ यूपी ने भी 15 अक्तूबर को आदेश में हापुड़ बार एसोसिएशन के चुनाव आगामी 30 नवंबर तक स्थगित किए हुए हैं।
उन्होंने बताया कि इसके बावजूद एल्डर्स कमेटी ने अपने अधिकारों के विपरीत जाकर वर्तमान कार्यकारिणी के रहते हुए कुछ अधिवक्ताओं से साज कर आम सभा बुलाई। इसमें अवैधानिक तरीके से प्रबंध समिति का गठन कर दिया। बार काउंसिल ऑफ इंडिया और बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के आदेशों के विपरीत यह निर्णय विपरीत है। उन्होंने कहा कि सर्वसम्मति से बार एसोसिएशन ने एल्डर्स कमेटी के तीन सदस्यों दिनेश चंद त्यागी, राजकुमार त्यागी और नरेंद्र कंसल को बार की सदस्यता से निष्कासित कर दिया है। इस संबंध में काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश को भी पत्र लिखा जा रहा है।
जबकि इस संबंध में एल्डर्स कमेटी के सदस्य राजकुमार त्यागी का कहना है कि बार एसोसिएशन को उन्हें निष्कासित करने का कोई अधिकार नहीं है। एल्डर्स कमेटी ने जो भी किया है, वह संवैधानिक तरीके से किया है।