संवाद न्यूज एजेंसी
हापुड़। जनपद में वायु प्रदूषण का स्तर ग्रैप का तीसरा चरण लागू होने के बाद भी कम नहीं हो रहा है। लगातार बहुत खराब श्रेणी हवा बनी रहने से लोगों को सांस लेने में तकलीफ हो रही है। खुले में पड़ी निर्माण सामग्री, उड़ती धूल, फैक्टरियों से निकलता धुआं और जलते कूड़े के कारण लोगों की मुश्किलें बढ़ रही हैं। इससे साफ है कि नोटिस तक ही जिला प्रशासन, प्रदूषण विभाग की कार्रवाई सीमित है। रविवार को भी अधिकतम एक्यूआई 371 दर्ज किया गया है।
जिले में वायु प्रदूषण का स्तर बहुत खराब श्रेणी में बना हुआ है। इससे आंखों में जलन और सांस के रोगियों की संख्या बढ़ रही है। वायु प्रदूषण का स्तर लगातार बहुत खराब श्रेणी में बने रहने का अर्थ साफ है कि अधिकारी इस ओर गंभीर ही नहीं हैं। पिछले तीन दिनों की बात करें तो वायु प्रदूषण का स्तर रविवार को 371 दर्ज हुआ है। रात्रि में प्रदूषण का स्तर अधिक रहना गंभीर विषय है।
बता दें कि शनिवार की शाम पांच बजे एक्यूआई 343 पर पहुंच गया। तेजी से बढ़ते वायु प्रदूषण के कारण लोगों को सांस लेने में तकलीफ और आंखों में जलन की समस्या झेलनी पड़ी। असलियत यह है कि जिले में ग्रेप के नियमों का पालन नहीं हो रहा है। इस कारण वायु प्रदूषण का स्तर नहीं सुधर रहा है।
मामले में एडीएम संदीप कुमार का कहना है कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने सख्ती शुरू की है। प्रदूषण फैलने वाली फैक्टरियों पर कार्रवाई जारी है। ग्रैप के नियमों का पालन कराया जा रहा है। प्रदूषण विभाग और नगर पालिका के अधिकारी मिलकर उचित कदम उठा रहे हैं। प्रदूषण का स्तर बार-बार किस कारण से बढ़ रहा है, इसको लेकर रिपोर्ट मांगी गई है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
-गोदाम में पड़ी एंटी स्मॉग गन -
पिछले वर्ष नगर पालिका को एंटी स्मॉग गन मिली थी। पिछले वर्ष भी इस उपकरण का कोई प्रयोग पालिका ने नहीं किया। इसी प्रकार इस बार भी ग्रेप का तीसरा चरण लागू होने के बाद भी पालिका की एंटी स्माॅग गन गोदाम में बंद पड़ी है।
जिले में रविवार को एक्यूआई की स्थिति
समय एक्यूआई
रात एक बजे 371
तीन बजे 370
सुबह पांच बजे 267
सात बजे 363
नौ बजे 361
11 बजे 359
दोपहर एक बजे 355
तीन बजे 341
शाम पांच बजे 322
शाम छह बजे 316
(नोट : केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की वेबसाइट के अनुसार।)