अब हर गर्भवती महिला की एचआईवी जांच की जाएगी। ग्रामीण इलाकों में टीकाकरण सत्र के दौरान एएनएम महिलाओं की जांच करेंगी। इसके लिए उन्हें बाकायदा प्रशिक्षित किया जाएगा।
रिपोर्ट पाजिटिव आने पर गर्भवती महिला को दवा और सभी जरूरी सुविधाएं निशुल्क मुहैया कराई जाएंगी। योजना का उद्देश्य नवजात को एचआईवी से बचाना है। जिला महिला अस्पताल में यह व्यवस्था पहले से लागू है।
यहां सभी गर्भवती महिलाओं की एचआईवी जांच की जाती है लेकिन ग्रामीण तबके की महिलाओं को सुविधा का लाभ नहीं मिल पाता है। ऐसे में नई व्यवस्था शुरू की गई है। डिप्टी सीएमओ प्रवीण शर्मा ने बताया कि टीकाकरण के दौरान एएनएम महिलाओं की जांच के नमूने लेंगी।
रिपोर्ट पाजिटिव आने पर एक बार फिर जांच के नमूने सेंट्रल लैब भेजे जाएंगे। वहां से पुष्टि होने पर गर्भवती महिला का निशुल्क इलाज किया जाएगा। मरीज के आने-जाने का खर्च भी स्वास्थ्य विभाग वहन करेगा। गर्भवती महिला का इलाज कर नवजात को एचआईवी से बचाया जा सकता है।