हरसिंहपुर निवासी सचिन की सात वर्षीय बेटी ग्रेशी के पैर पर 15 सितंबर को कुत्ते ने काटा था। सचिन बेटी को उसी दिन हापुड़ सीएचसी लेकर गए। यहां रेबीज का पहला इंजेक्शन लगा दिया गया। इसके बाद 18 सितंबर और 22 सितंबर को भी इंजेक्शन लगाया गया। चौथा टीका 13 अक्तूबर को लगाया जाना था।
करीब 10 दिन पहले उसके पैर में जिस स्थान पर कुत्ते ने काटा था, वहां संक्रमण फैलना शुरू हो गया। परिजनों ने गांव में ही पट्टी करा दी लेकिन जख्म बढ़ गया और उसमे पस पड़ने लगा। इस कारण ग्रेशी को बुखार आने लगा। परिजनों ने पहले गांव में ही उपचार कराया लेकिन चार दिन पहले ग्रेशी की हालत बिगड़नी शुरू हो गई।
परिजनों ने बताया कि बेटी को पहले हापुड़ के निजी अस्पताल में दिखाया। यहां से उसे मेरठ रेफर कर दिया गया। मेरठ के निजी अस्पतालों में उपचार के बावजूद बेटी की हालत में सुधार नहीं आया। परिजनों ने बताया कि चिकित्सकों ने कुत्ता काटने से समस्या होने की बात कही थी। मंगलवार की रात ग्रेशी की मृत्यु हो गई।
बता दें कि एक दिन पहले ही गांव निवासी राजकुमार की भी रेबीज की वजह से मौत हो चुकी है। उन्हें गीदड़ ने काटा था और दिल्ली में उपचार के दौरान उनकी मौत हुई। दो दिन के अंदर दो मौतों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों की मांग है कि जिला प्रशासन गांव में खुंखार हो रहे कुत्तों से निजात दिलाए।
बच्चों को स्कूल भेजने से कतरा रहे अभिभावक
गांव में छोटे बच्चों को स्कूल भेजने में अभिभावक कतरा रहे हैं। कई अभिभावकों ने ई-रिक्शा बच्चों को स्कूल लाने और ले जाने के लिए लगवा दी हैं। छह वर्ष से कम उम्र के बच्चों को या तो अभिभावक खुद लेकर जा रहे हैं या फिर उन्हें स्कूल नहीं भेज रहे हैं।
एम्स में ढाई घंटे चली सर्जरी, बच्ची के चेहरे पर लगाए 60 टांके
गांव हरसिंहपुर में कुत्ते के काटने से गंभीर रूप से घायल चार वर्षीय बच्ची की मंगलवार को दिल्ली एम्स में ढाई घंटे तक सर्जरी चली। बच्ची के चेहरे पर 60 टांके आए हैं और पूरा चेहरे पट्टी से ढका गया है। देर रात परिजन उसे गांव लेकर पहुंचे। अब आठ दिन बाद बच्ची को फिर दिल्ली ले जाया जाएगा। मंगलवार को संजय सैनी की चार वर्षीय बेटी अवनी स्कूल जा रही थी। इसी दौरान कुत्ते ने उसे जमीन पर गिराकर बुरी तरह चेहरा नोंच दिया था। कान, होठ, माथा और चेहरे के अन्य भागों पर गहरे दांत गड़ा दिए थे। हापुड़ से बच्ची को दिल्ली एम्स रेफर किया गया था।
पिता संजय सैनी ने बताया कि मंगलवार की सुबह करीब साढ़े 11 बजे से दोपहर ढाई बजे तक बच्ची की सर्जरी की गई। इस दौरान चेहरे पर करीब 60 टांके चिकित्सकों ने लगाए हैं। बुधवार को गांव में बच्ची का हाल जानने के लिए रिश्तेदारों और आस पड़ोस के लोगों का तांता लगा रहा। संजय सैनी ने बताया कि गांव में कुत्तों का बहुत आतंक है। कुत्ते ने मेरी बेटी का पूरा चेहरा खराब कर दिया है। जिला प्रशासन को इस ओर ध्यान देना चाहिए। कुत्तों को पकड़वाया जाए ताकि बच्चे सुरक्षित रह सकें।
अवनी बच्ची के घर पहुंची पुलिस
हरसिंहपुर में कुत्ता काटने से घायल चार वर्षीय अवनी के घर पुलिस ने पहुंचकर उसका हाल जाना। हाफिजपुर थाना प्रभारी मनीष चौहान ने बच्ची को फल, चॉकलेट से भरी टोकरी और खिलौने दिए। इस दौरान ग्रामीणों ने उनसे कुत्तों के बढ़ते आतंक से राहत दिलाने की मांग की।