सिंभावली क्षेत्र के गांव वैट गांव में इन दिनों खसरा बीमारी तेजी से पांव पसार रही है। ग्रामीण इसे गंदगी का दुष्प्रभाव और आबादी में अपेक्षित स्तर पर सफाई न होने का परिणाम मान रहे हैं। इसके विरोध में बृहस्पतिवार को ग्रामीणों ने प्रदर्शन कर क्षेत्र की सफाई व्यवस्था में सुधार न होने पर ब्लॉक दफ्तर घेरने की चेतावनी दी है।
खसरा बीमारी ने मुहम्मद असलम के परिवार के चार बच्चों को अपनी गिरफ्त में ले लिया है। इनका सिंभावली में एक निजी चिकित्सक से इलाज कराया जा रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि अगर सफाई व्यवस्था में अविलंब सुधार नहीं कराया गया, तो इसके विरोध में ब्लॉक दफ्तर का घेराव कर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
बीडीओ प्रशांत पांडेय ने कहा कि अविलंब जांच पड़ताल कराकर सफाई व्यवस्था में हरसंभव स्तर पर सुधार कराया जाएगा। इस दौरान महमूद, मुजम्मिल, रसीद, सहादत, शादाब, सुहेब, नासिर, कलुवा, नवाब समेत दर्जनों ग्रामीण मौजूद रहे।
ऐसे करें खसरे से बचाव
गढ़ सीएचसी के पूर्व अधीक्षक डॉ.रविंद्र कुमार का कहना है कि बदलते मौसम में मच्छरों का प्रकोप बढ़ जाता है। इससे बच्चों में तेज बुखार होने पर खसरा रोग उन्हें अपनी गिरफ्त में ले लेता है।
इसलिए खसरा से बचाव के लिए रात में बच्चों को मच्छरदानी में सुलाएं, आबादी में नियमित तौर पर फॉगिंग हो, पीड़ित बच्चों को अधिक से अधिक और साफ सुथरा पानी पिलाएं, बच्चों को साफ सुथरे कपड़े पहनाएं, सड़े-कटे फल और बासी खाना न खिलाएं, बुखार और खसरा के लक्षण सामने आते ही बच्चे को चिकित्सक के पास ले जाएं।