पिलखुवा कोतवाली क्षेत्र के गांव गालंद स्थित स्कूल में छात्र की आंख में लकड़ी घुसने के मामले में नया मोड़ आ गया। पीड़ित छात्र के दादा ने शिक्षकों पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाकर सोमवार को अपर जिलाधिकारी कार्यालय में शिकायती पत्र दिया।
गांव गालंद निवासी घनश्याम सिंह ने अपर जिलाधिकारी हरीश चंद्र को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने बताया कि उनका पोता विश्वास पुत्र गोपाल जिंदल नगर बस स्टैंड के पास स्थित एक स्कूल में कक्षा आठ का छात्र है। 09 मार्च को उसका पोता स्कूल गया था और रेसस के दौरान स्कूल में अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था।
इसी दौरान अचानक एक लकड़ी विश्वास की आंख में जा लगी। इससे उसकी आंख चोटिल हो गई। अन्य छात्रों ने तत्काल इस बात की सूचना शिक्षकों को दी। जिन्होंने घायल छात्र को उपचार दिलाने के बजाय प्रधानाचार्य के कक्ष में लिटा दिया और वहां प्राथमिक उपचार कर घर भेज दिया। घर पर छात्र की आंख देख परिजनों उसे गाजियाबाद के एक अस्पताल में भर्ती कराया।
पीड़ित का आरोप है कि यदि स्कूल प्रशासन समय से उसके पोते की आंख का इलाज करा देता तो शायद इतनी बड़ी बात न होती। उन्होंने स्कूल प्रशासन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। मामले में अपर जिलाधिकारी ने आश्वासन दिया कि जल्द ही इस मामले की जांच कराई जाएगी।