पत्नी और बच्चे लेने आए दामाद की ससुराल में पिटाई
गढ़मुक्तेश्वर। एक युवक ने घायल हालत में तहसील दिवस में पहुंचकर खूब हंगामा किया। उसने रोते हुए बताया कि ससुराल वाले पत्नी और बच्चों को भेजने की बजाए मेरी हत्या करने की फिराक में हैं।
गढ़ में मंगलवार दोपहर को तहसील दिवस कार्यक्रम चल रहा था। इस दौरान एक युवक लहूलुहान हालत में वहां पहुंच गया। उसने रोते हुए वहां अफसरों को दुखड़ा सुनाते हुए बताया कि उसका नाम इरशाद है और जनपद मेरठ के कस्बा सरधना का रहने वाला है। उसकी शादी गढ़ के मोहल्ला आदर्श नगर में हुई है। इरशाद ने बताया कि दोपहर को वह मायके आई पत्नी और दोनों बच्चों को को लेने आया था। इस दौरान पत्नी और बच्चों को भेजने की बजाए ससुराल वालों ने हमला कर उसे घायल कर दिया। पीड़ित नेे बताया कि अगर शोर सुनकर पड़ोसी मौके पर नहीं आते तो ससुराल वाले मुझे मौत के घाट उतार डालते। एसडीएम हनुमान प्रसाद मौर्य और डीएसपी संतोष मिश्रा के निर्देश पर पुलिस वाले घायल इरशाद को सीएचसी को ले आए जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसे छुट्टी दे दी। इरशाद की शिकायत पर पुलिस उसके ससुराल वालों से पूछताछ करने पहुंच गई, जिसका पता लगते ही पत्नी शाहना भी वहां आ गई। उसने घर आए पति के साथ कोई भी मारपीट होने से साफ इंकार करते हुए पति पर ही अपने साथ मारपीट कर दहेज मांगने का आरोप लगाकर शिकायत कर दी। एसएसआई सुभाष यादव का कहना है कि पत्नी के पति के साथ जाने से साफ इंकार करने पर दोनों पक्षों को वापस भेज दिया गया। परिजन और रिश्तेदारों समेत समाज के गणमान्य लोगों के बीच मामले को आपसी सुलह समझौते से निपटाने की हिदायत भी दी गई है।