फोटो संख्या 27एचपीआर पीएच-05,06
युवक की हत्या कर शव रेलवे ट्रैक पर फेंका
-रविवार शाम से लापता था युवक, परिजनों में मचा कोहराम
-पटरी से पहले जगह जगह पड़ा मिला खून
अमर उजाला ब्यूरो
हापुड़। बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के गांव अटूटा स्थित अपने घर से थोड़ी में देर में आने की बात कहकर रविवार शाम निकले युवक का शव गांव के जंगल के रेलवे ट्रैक पर पड़ा मिला। लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को सूचना देकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों ने हत्या की आशंका जता पुलिस से कार्रवाई की मांग की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
बाबूगढ़ थानाक्षेत्र के गांव अटूटा निवासी अविवाहित जीत सिंह उर्फ जीतू (22) पुत्र जयप्रकाश हापुड़ मंडी स्थित एक कृषि उपकरणों की दुकान पर कार्य करता था। रविवार को उसकी छुट्टी थी। शाम करीब साढ़े पांच बजे वह थोड़ी देर में आने की बात कहकर घर से निकला था। लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं लग सका। रात करीब दो बजे रेलवे कर्मचारियों ने गांव के जंगल से गुजर रही रेलवे लाइन पर एक युवक का शव पड़ा होने की सूचना बाबूगढ़ पुलिस को दी। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने मृतक की तलाशी ली तो उसके पास से एक मोबाइल मिला। उक्त मोबाइल में उसके मालिक दुकानदार का नंबर भी फीड था। पुलिस ने उस नंबर के माध्यम से मृतक के परिजनों को सूचना देकर मौके पर बुलाया। सूचना के बाद परिजन मौके पर पहुंचे। इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी। परिजनों ने जीतू की हत्या की बात कही है। दरअसल, रेलवे ट्रैक से काफी दूर तक जमीन पर जगह-जगह खून के निशान बने थे। जिससे देखकर कहा जा सकता है कि जीतू की हत्या करने के बाद शव को ट्रैक पर फेंका गया है। पुलिस भी हत्या की आशंका जता रही है। एसएचओ प्रदीप त्रिवेदी का कहना है कि ट्रैक के आसपास खून के धब्बे मिले हैं। ऐसे में हत्या कर शव को ट्रैक पर फेंके जाने की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता।
करीब दो सौ मीटर शव घसीटने के निशान
पुलिस भले ही जीतू की हत्या को लेकर आशंका में हो और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही हो, लेकिन मौके पर मौजूद निशान इस बात की पुष्टि कर रहे हैं कि जीतू की हत्या की गई है। रेलवे ट्रैक से पहले करीब दो सौ मीटर तक शव को घसीटकर ट्रैक तक ले जाने के साफ निशान हैं। रेत और झाड़ियों के बीच शव को घसीटे जाने से परिजन व ग्रामीण जीतू की हत्या के आरोप लगा रहे हैं। जीतू अपने परिवार में सबसे छोटा था। उसके पिता की पांच साल पहले मृत्यु हो चुकी है। उसकी मौत से परिजनों में कोहराम मचा है।