गन्ना बकाया पर बुधवार को भाजपा नेताओं ने कलक्ट्रेट पर हुंकार भरी। उन्होंने धरना-प्रदर्शन कर प्रदेश सरकार पर किसान विरोधी होने का आरोप लगाया। बीजेपी के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य वाईपी सिंह के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन में किसानों की बिगड़ी माली हालत के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया गया।
चुनावी साल में वक्ताओं ने सरकार की किसान विरोधी नीतियों के साथ ही केंद्र सरकार की कल्याणकारी नीतियों की चर्चा की। प्रदर्शन में हजारों कार्यकर्ताओं की मौजूदगी से भाजपा नेता गुस्से में नजर आए।
गन्ना भुगतान न करने के विरोध में कलक्ट्रेट में आयोजित धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए प्रदेश कार्यसमिति सदस्य वाईपी सिंह ने कहा कि प्रदेश शासन की गलत नीतियों से किसान 20 साल पीछे चला गया।
अन्नदाता के पास बच्चों की फीस देने तक को रुपये नहीं हैं। गन्ना किसानों को गृहस्थी चलाना भी मुश्किल हो रहा है। तंगी से बेहाल किसान आत्महत्या कर रहे हैं। सरकार मस्त है और किसान पस्त। जब तक सपा सरकार किसानों के गन्ने का भुगतान नहीं कराती भाजपा का आंदोलन जारी रहेगा।
बीजेपी जिलाध्यक्ष अशोक पाल ने कहा कि सपा शासन में कानून व्यवस्था चौपट है। सरकार गंभीर नहीं है। पूर्व जिलाध्यक्ष संजय त्यागी ने कहा कि अदालत के आदेश के बावजूद भी प्रदेश सरकार चीनी मिल मालिकों से गन्ना बकाया का भुगतान नहीं करा रही है।
सरकार पूंजीपतियों के हित में काम कर रही है। विधान सभा चुनाव में प्रदेश का किसान सरकार को इसका जवाब देगा। भाजपा के पश्चिमी क्षेत्र के उपाध्यक्ष महेश अग्रवाल, महेश त्यागी, पीके.सिंह, लज्जारानी गर्ग ने भी किसानों को संबोधित किया।
राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन डिप्टी कलेक्टर एसपी सिंह को सौंपा गया। जिसमें किसान का गन्ने का शत प्रतिशत ब्याज सहित भुगतान कराने की मांग की गई। धरना-प्रदर्शन की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष अशोक पाल और संचालन विनोद गुप्ता ने किया।
पूर्व विधायक नरेंद्र सिंह शिशौदिया, संजय कृपाल, राजसुन्दर प्रधान, डा.सुरेश नागर, मुनेश त्यागी, विश्वजीत तेवतिया, गौरव रुड़कीवाल, सुधीर गोयल, श्यामेंद्र त्यागी, अशोक बबली, मनोज वाल्मीकि, राहुल शर्मा, प्रवीन सेठी, मोहन सिंह, ब्रिजेश कुमार बिरजू,
डा.रमेश अरोड़ा, हीरा लाल केन, मुरली पंडित, तेजवीर तोमर, अजीत तोमर, बलिदान सिंह, जिला पंचायत सदस्य उमेश वर्मा, प्रमोद प्रधान, राजू प्रधान, अशोक त्यागी, राकेश शर्मा आदि कार्यकर्ता मौजूद थे।
भाजपा के धरने में कार्यकर्ता और किसान ट्रैक्टर ट्राली, कारों में सवार होकर आए थे। भाजपाइयों ने नगर पालिका में अपने वाहन खड़े किए थे। भीड़ और भाजपाइयों का गुस्सा देख कलक्ट्रेट छावनी बना रहा।