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अवैध स्लॉटर हाउस होंगे सील, टीम गठित

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हापुड़ । शहर में बड़े स्तर पर ऊंटों की कटान का खुलासा होने के 24 घंटे बाद भी पुलिस यह पता नहीं लगा पाई कि आरोपित अवैध स्लॉटर हाउस किसका है? अलबत्ता अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर उसे सील करने की तैयारी शुरू कर दी गई है। साथ ही जिले में अवैध स्लॉटर हाउसों काचिह्निीकरण शुरू कर दिया गया है। इसके लिए एसडीएम के नेतृत्व में तीन सदस्यीय कमेटी बनाई गई है।
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मालूम रहे कि बीत दिन कोतवाली क्षेत्र के रामपुर रोड पर अवैध स्लाटर हाउस पर छापा मारकर पुलिस ने बड़े स्तर पर ऊंटों की कटान का मामला पकड़ा। मौके से दो कैंटर ऊंट का मांस पकड़ा गया लेकिन कोई तस्कर हाथ नहीं आया। अब पुलिस ने स्लाटर हाउस को सील कराने के लिए प्रशासन को रिपोर्ट भेजने की तैयारी कर ली है। अब प्रशासन अवैध स्लाटर हाउसों की कुंडली बनाने में लग गया है। एसडीएम के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम बनाई गई है।
वहीं हिन्दू संगठनों व नागरिकों का आरोप है कि पुलिस और प्रशासन की मिलीभगत से यह स्लाटर हाउस चल रहे हैं। अवैध स्लाटर हाउसों में पशुओं का कटान किया जाता है। लेकिन पुलिस इस गोरखधंधे को रोकने में नाकाम है।
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जदीद चौकी प्रभारी बलवीर सिंह की तरफ से अवैध स्लाटर हाउस के खिलाफ मामला अज्ञात में मामला दर्ज कर लिया गया है। स्लाटर हाउस को सील कराने के लिए प्रशासन को चिट्ठी लिखी जा रही है ।
विशाल यादव,सीओ सिटी

एसडीएम हापुड़ केबी सिंह के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया है जिसमें प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, पुलिस के अधिकारी होंगे। टीम के सदस्य ध्यान रखेंगे कि कहीं भी अवैध रूप से पशुओं का कटान न हो।
सत्यप्रकाश पटेल, एडीएम
15 क्विंटल मांस मिला था छापे में
छापे के दौरान करीब 15 क्विंटल ऊंट का मीट को बरामद किया गया था। वहीं दो ऊंटनियों के बच्चे व एक नर ऊंट वहां मृत पाए गए। इसके अलावा दो-तीन ऊंटों की खाल व उनके काफी संख्या में अवशेष भी मिले। 
राजस्थान से लाए जा रहे हैं ऊंट
ऊंटों को बड़े पैमाने पर राजस्थान से तस्करी करके शहर के स्लाटर हाउसों में कटान के लिए लाया जाता है। जबकि सरकार ने इसके कटान पर प्रतिबंध लगाया हुआ है। बावजूद इसके बंद वाहनों में ऊंट शहर में लाकर काटे जा रहे हैं। 
विदेश में ज्यादा है डिमांड
जानकारों का मानना है कि ऊंट के मीट की वर्तमान में विदेशों में काफी डिमांड हो गई है। जिसके बाद ऊंट का मीट एक्सपोर्ट ही किया जाता है। शहर में बहुत कम लोग इसके मीट को पंसद करते हैं। क्योंकि यह खाने में कुछ हल्का खट्टा लगता है।
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