हापुड़ । बिजनौर और मेरठ में ब्लास्ट के बाद से कार्तिक पूर्णिमा पर गढ़मुक्तेश्वर में लगने वाला ऐतिहासिक गंगा मेले की सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। 27 अक्तूबर को मेला क्षेत्र मेरठ क्षेत्र और जिले के विभिन्न थानों में तैनात 1538 पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों के हवाले हो जाएगा। जबकि सहारनपुर रैंज से अभी फोर्स आना बाकी है। मेले को 9 जोन और 20 सेक्टरों में बांटा गया है। इस बार मेले में करीब 25 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है।
मेरठ और बिजनौर में हुए धमाकों के बाद अफसर किसी तरह का रिस्क लेने के लिए तैयार नहीं हैं। मेले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी बनाने के लिए एक कंपनी नेशनल डिफेंस फोर्स (एनडीएफ) की मांग भी की गई है। बम निरोधक दस्ता, टीयर गैस, खोजी कुत्ते भी जल्द पहुंच जाएंगे। सात वॉच टावरों पर दूरबीन से लैस जवान सतर्क रहेंगे। इस दौरान यातायात व्यवस्था पर भी फोकस किया गया है। रास्तों में खराब होने वाहनों को हटाने के लिए क्रेन मंगाई गई है। इसके अलावा पब्लिक एडेस सिस्टम, ट्रैफिक बैरियर, लाउड हैलर का प्रयोग भी किया जाएगा।
मेला स्थल पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए जा रहे हैं। आतंकवादी घटनाओं को भी ध्यान में रखते हुए सुरक्षा के प्रबंध किए जा रहे हैं। खुफिया विभाग की टीम मेले में सतर्क रहेगी।
डॉ.आरपी पांडेय, एसपी