एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट ने गैंगरेप के मामले में दो दोषियों को 10-10 वर्ष की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक पर 15 -15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। दोनों दोषियों को पुलिस ने जेल भेज दिया।
शासकीय अधिवक्ता सीएस यादव ने बताया कि आठ मई 2011 को धौलाना के एक गांव निवासी 16 वर्षीय किशोरी अपनी सहेली व चाचा के साथ मेले में घूमने गई थी। इस बीच कार सवार चार युवकों ने उसका अपहरण कर लिया था।
मामले की शिकायत उसके दादा ने दर्ज कराई थी। पुलिस ने सातवें दिन धौलाना के सपनावत में एक मंदिर के समीप से उसे बरामद कर लिया। पुलिस ने गांव के ही चार युवक कपिल, धर्मेंद्र, अंकुर व मीनू के खिलाफ गैंगरेप की रिपोर्ट दर्ज की।
जिसके बाद से मामला एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट में विचारधीन था। इस बीच धर्मेंद्र व मीनू की मौत हो गई। जबकि, कपिल व अंकुर जमानत पर छूटे हुए थे।
बुधवार को एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट चंद्रपाल द्वितीय ने मामले में दोनों दोषियों को सजा सुनाई। जिसमें कपिल व अंकुर को 10-10 वर्ष की सजा सुनाई। साथ ही प्रत्येक पर 15-15 हजार रुपये का जुर्माना लगाया।