हापुड़। अपर सत्र न्यायाधीश/ विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट न्यायालय ने किशोरी का अपहरण कर दुष्कर्म करने के आरोपी को दोषी करार देते हुए दस वर्ष कारावास व 25 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
वर्ष 2020 में बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के गांव निवासी व्यक्ति ने थाने में मुकदमा दर्ज कराते हुए बताया था कि उसकी 17 वर्षीय पुत्री को गांव का ही युवक नितिन और उसका भाई सुनील बहला फुसलाकर ले गए हैं। पुत्री को ले जाते हुए उसकी मां ने भी देखा था। काफी तलाश करने के बाद भी पुत्री का कुछ पता नहीं चल सका। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी नितिन को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने मामले की जांच कर केवल अभियुक्त नितिन के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया था।
इस मुकदमे की सुनवाई करते हुए अपर सत्र न्यायाधीश/ विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ज्ञानेंद्र सिंह यादव ने निर्णय सुनाया है। इसमें अभियुक्त नितिन को भा.दं.सं. की धारा 363 के अंतर्गत 4 वर्ष के कारावास से एवं 5,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। अर्थदंड अदा न करने पर 15 दिन के अतिरिक्त सश्रम कारावास से दंडित किया जाएगा। अभियुक्त नितिन को लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम की धारा 3/4 पॉक्सो एक्ट के अंतर्गत 10 वर्ष के सश्रम कारावास एवं 20,000 हजार के अर्थदंड से दंडित किया है। अर्थदंड अदा न करने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।