मुख्यालय में चंदूपुर गांव सहित अन्य गांवों के लोगों ने विद्युतीकरण कराने की मांग को लेकर अधिशाषी अभियंता का घेराव कर प्रदर्शन किया। इसके बाद जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर सड़क निर्माण में बाधा बने वन विभाग की शिकायत की।
विकासखंड कुरारा क्षेत्र में यमुना पट्टी से जुड़े गांव मूल सुविधाओं से वंचित हैं। मजरों में अभी तक विद्युतीकरण नहीं हुआ है। वहीं मुख्यालय सिटी फारेस्ट से होकर चंदूपुर, सिकरोढ़ी, भटपुरा, बचरौली, भौली सहित अन्य गांवों को जोड़ने के लिए सड़क निर्माण कराया जा रहा है।
पीडब्ल्यूडी इस सड़क पर डामरीकरण करा रहा है, लेकिन वन विभाग ने गंगवा डेरा और बच्ची डेरा के मध्य करीब 600 मीटर सड़क पर डामरीकरण करने पर रोक लगा दी है। जिससे निर्माण बंद है। क्षेत्र के ग्रामीणों ने बताया कि अगर इस हिस्से का डामरीकरण नहीं हुआ तो बारिश के दिनों में आवागमन बाधित रहेगा।
डीएम को दिए ज्ञापन में ग्रामीणों ने छूटी सड़क पर डामरीकरण कराए जाने की मांग की है। इसके साथ ही ग्रामीणों ने कई मजरों में विद्युतीकरण न किए जाने पर पावर कारपोरेशन के अधिशाषी अभियंता का घेराव किया।
ज्ञापन देने वालों में भाकियू के जिला उपाध्यक्ष रामदास सविता, प्रधान राजकली, चंदूपुर प्रधान प्रतिनिधि संतोष कुमार, सुभाष, देशराज, सीताराम, राजेंद्र, शिवशरण सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।
इस मामले में डीएफओ एपी त्रिपाठी का कहना है कि पीडब्ल्यूडी जिस स्थान से सड़क बनवा रहा है। वह जमीन वन विभाग की है। अगर प्रशासन उन्हें ली गई जमीन देगा तो वह जंगल की जमीन पर सड़क बनवाने को तैयार हैं।