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बुखार से छात्र समेत दो की मौत

Wed, 24 Aug 2016 11:22 PM IST
ब्यूरो अमर उजाला, हमीरपुर
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धनपुरा गांव में छात्र की मौत पर रोते बिलखते परिजन। - फोटो : अमर उजाला
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विकासखंड क्षेत्र के कल्ला धनपुरा व खड़ेहीजार में बुखार से एक छात्र और वृद्ध की मौत हो गई। मृतक छात्र में डेंगू के लक्षण पाए गए हैं। तीनों गांवों में फैली बीमारी से मौत होने पर हड़कंप मचा है और लोग अभी भी मलेरिया व चिकनगुनिया बुखार से पीड़ित हैं।
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ब्लाक क्षेत्र के धनपुरा तथा कल्ला के साथ खड़ेहीजार में बाढ़ उतर जाने के बाद गंदगी व फसलों की सड़न के वजह से संक्रामक बीमारी फैलने लगी हैं और लोग विचित्र बुखार की चपेट में आ गए हैं। धनपुरा तथा खड़ेहीजार में करीब तीन सौ लोग बुखार की चपेट में हैं। ये प्राइवेट चिकित्सालयों में इलाज करा रहे हैं। ज्यादातर जांच में मलेरिया व चिकनगुनिया निकल रहा है। इससे ग्रामीणों में दहशत है। बुधवार को गांव के बृजगोपाल तिवारी (65) की बुखार से मौत हो गई।

मंगलवार को इसी गांव के कानपुर में उपचार करा रहे जितेंद्र कुमार (18) पुत्र देवीदीन कुशवाहा की भी मौत हो गई। इस छात्र को बीते 15 अगस्त से बुखार आ रहा था। सदर अस्पताल से कानपुर रेफर कर दिया गया था। चिकित्सकों का कहना है कि छात्र में डेंगू के भी लक्षण पाए गए।
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देर रात छात्र का शव गांव पहुंचा तो परिवारीजनों में कोहराम मच गया। युवक बीए प्रथम वर्ष का छात्र था और निवादा के अभिनव प्रज्ञा महाविद्यालय में पढ़ रहा था। वह दो भाई व एक बहन में सबसे बड़ा था। उधर धनपुरा गांव में बुखार से शिवम (10), अच्छेलाल (45), रणधीर कुशवाहा (30), सुधा (10), कल्लू कुशवाहा (60), रामसिंह (35), कुसमा (12), बबलू (19) सहित करीब डेढ़ सौ लोग बुखार की चपेट में हैं।

इसी तरह पड़ोसी गांव खडे़ही जार में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि रामपाल यादव, दाऊ द्विवेदी, जगमोहन यादव, रामलखन यादव, गौरीशंकर, गंगा कुशवाहा, कमल प्रजापति, रामनारायन, श्यामबाबू सहित अन्य लोग बीमार हैं। धनपुरा प्रधान मयंक निगम ने बताया कि बाढ़ उतर जाने के बाद लोगों में विचित्र बुखार की शिकायत होने लगी हैं।

साफ सफाई व दवा छिड़काव न किए जाने से यह समस्या और बढ़ सकती है। उधर प्रभारी चिकित्साधिकारी डा. अमित सिंह का कहना है कि उन्हें बुखार से हुई मौतों की कोई जानकारी नहीं है। अगर बीमारी फैली हुई तो कैंप लगाकर इलाज किया जाएगा।
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