राजस्व विभाग की उदासीनता एवं लापरवाही के कारण गलत सर्वे रिपोर्ट के चलते गांव के सैकड़ों लघु एवं सीमांत किसान राहत राशि पाने से वंचित हो गए है। किसानों ने राहत राशि दिलाए जाने के लिए तहसील में जमकर हंगामा काटा। कई वर्षों से प्राकृतिक आपदा के चलते यहां का किसान समस्याओं से जूझ
रहा है। दो वर्षों के मौसम खराब होने के कारण नष्ट हुई फसलों की राहत राशि गांव के 40 प्रतिशत लघु एवं सीमांत किसानों को इसका लाभ नहीं मिल पाया है। उस पर भी बीते वर्ष सूखा के दौरान लेखपालों द्वारा बुआई किए जाने के बावजूद गांव के सैकड़ाें किसानों की भूमि परती दिखाकर गलत सर्वे रिपोर्ट भेज
दी है। इसके कारण यहां के अधिकांश किसानों को राहत राशि इस वर्ष भी खातों में नहीं डाली जा सकी। गलत सर्वे रिपोर्ट से नाराज किसानों ने मंगलवार को मौदहा तहसील में लेखपालों से विरोध दर्ज कराते हुए हंगामा काटा। किसान रमाकांत तिवारी, प्रधान प्रतिनिधि राजेंद्र कुमार द्विवेदी, गांव के दो दर्जन किसानों ने तहसील परिसर में हंगामा करते हुए शीघ्र खातों में राहत राशि भिजवाने की मांग की।