हमीरपुर। शहर की आबादी को बाढ़ से बचाने के लिए शासन से तटबंध बनाने की अनुमति मिल गई है। इसके लिए 1753.78 लाख रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है।
यमुना व बेतवा दोनों नदियों से घिरे शहर की करीब 60 हजार आबादी प्रत्येक साल बाढ़ से प्रभावित होती है। शहर के लोग इससे बचाव के लिए शासन प्रशासन से आवाज उठाते रहे हैं। अगस्त 2021 में आई बाढ़ ने लोगों का काफी नुकसान किया था। उसी दौरान बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का दौरा करने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आए और शहर को सुरक्षित करने के लिए परियोजना बनाकर काम कराए जाने का आश्वासन दे गए थे।
शासन ने ग्राम समूह सुरक्षा कटान निरोधक कार्य परियोजना से यमुना नदी पर तटबंध निर्माण कराने के लिए 1753.78 लाख की स्वीकृति दे दी है। वहीं बेतवा नदी के किनारे शहर से लगे टिकरौली, सूरजपुर, कारीमाटी, सिड़रा गांवों की सुरक्षा के लिए 2126.30 लाख शासन ने करीब डेढ़ किमी तटबंध की स्वीकृत दी है। टेंडर प्रक्रिया होने पर कार्यदायी संस्था ने निर्माण कार्य शुरू करा दिया है।
शहर की बाढ़ से सुरक्षा इंतजाम के लिए शासन ने 1753.78 लाख व बेतवा नदी किनारे बसे सिड़रा, सूरजपुर, टिकरौली व कारीमाटी आदि गांवों की नदी से सुरक्षा के लिए 2126.30 लाख की लागत से कार्य कराए जाने की स्वीकृति दी है। जिसकी टेंडर प्रक्रिया भी हो चुकी है। कार्यदायी संस्था ने कार्य भी शुरू करा दिया है, लेकिन शासन से अभी कोई बजट नहीं मिला है।-
करन पाल, अधिशासी अभियंता मौदहा बांध (निर्माणखंड)
भिलांवा व मेरापुर सर्वाधिक प्रभावित
शहर के भिलांवा व मेरापुर की उपजाऊ मिट्टी एवं आवासीय भूमि की कटान बाढ़ के दौरान हर साल होती है। वर्ष 1983 में आई बाढ़ में नदी का अधिकतम जलस्तर 108.59 मीटर पहुंच गया था। जो खतरे के बिंदु से 4.958 मीटर ऊपर था। बाढ़ से आवासीय भवनों एवं अन्य संपत्तियों को भारी क्षति हुई थी।
इन परियोजनाओं की मिली स्वीकृति
1. शहर स्थित यमुना नदी के दाएं किनारे पर मेरापुर, भिलावां डांडा व भिलावां दरिया ग्राम समूह की सुरक्षा के लिए शासन ने 797.20 की लागत से निमार्ण कार्य कराने की स्वीकृत दे दी है।
2. मेरापुर दरिया पंप कैनाल से लेकर संगममहेश्वर मंदिर तक कटान सुरक्षा परियोजना से 956.58 लाख की लागत से कार्य कराने की हरी झंड़ी मिल गई है।
3. बेतवा नदी के दाएं तट पर स्थित टिकरौली, सूरजपुर, कारीमाटी व सिड़रा गांवों की बाढ़ से सुरक्षा के खातिर 2126.30 लाख की लागत से तटबंध का कार्य कराने की स्वीकृति शासन ने दे दी है।