राठ (हमीरपुर)। मझगवां थाने के अटगांव गांव में शनिवार शाम पांचवीं के छात्र ने रसोईघर में फंदा लगाकर जान दे दी। पिता ने बेटे को फंदे से लटका देखा तो उनके होश उड़ गए। परिजन आत्महत्या का कारण नहीं बता पाए। वहीं पुलिस पारिवारिक विवाद की बात कह रही है।
गांव निवासी चंद्रप्रकाश अहिरवार राजमिस्त्री हैं। उनका बड़ा बेटा शिवम (10) गांव के शिशु मंदिर में कक्षा पांच में पढ़ता था। शनिवार दोपहर करीब तीन बजे शिवम स्कूल से घर लौटा था। उस समय उसके पिता मोहल्ले में ही बैठे थे जबकि मां माया सरीला स्थित मायके गई थीं। शाम को शिवम मकान की छत पर बने रसोईघर में पहुंच गया जहां उसने कपड़े से बने फंदे पर लटककर जान दे दी। कुछ देर बाद छत पर पहुंचे पिता ने बेटे को फंदे से लटका देखा तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई।
चंद्रप्रकाश की चीख-पुकार सुनकर पड़ोसी भी मौके पर पहुंच गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शिवम को फंदे से नीचे उतारा लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। सीओ राजीव प्रताप सिंह ने कहा कि छात्र के आत्मघाती कदम उठाने का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। प्रारंभिक जानकारी में पारिवारिक विवाद की बात सामने आई है। परिजन ने पोस्टमार्टम कराए बिना ही रविवार सुबह शव का अंतिम संस्कार कर दिया। वहीं शिवम की मौत से मां माया और छोटा भाई सत्यम बेहाल रहा।