जखेला गांव में लहलहाती गेहूं की फसल।
- फोटो : जखेला गांव में लहलहाती गेहूं की फसल।
हमीरपुर/भरुआ सुमेरपुर। तेज हवाओं के साथ शनिवार देर रात हुई बूंदाबांदी के चलते रविवार को गलन बढ़ गई। दिन में हल्के बादल छाए रहने से तेज धूप भी नहीं निकली।
अधिकतम पारा दो डिग्री लुढ़ककर 20.2 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। न्यूनतम पारा भी सात डिग्री पर स्थिर रहा। कृषि वैज्ञानिकाें का दावा है कि बूंदाबांदी होने से गेहूं समेत अन्य फसलों को फायदा होगा।
मौसम विभाग के अनुसार अगले सप्ताह बादल छाए रहने व कोहरा पड़ने की संभावना है। केवीके अध्यक्ष डॉ. राजीव सिंह ने बताया कि बीती रात हुई हल्की बूंदाबांदी से फसलों का कोई नुकसान नहीं है। दलहनी, तिलहनी सहित गेहूं की फसलों को इससे फायदा मिलेगा। माहू आदि रोग भी नष्ट होगा।
चने की फसल में फूल आने से कुछ नुकसान हो सकता है। जखेला निवासी किसान शिवम सिंह कहते हैं कि ठंड पड़ने से ही रबी फसलों का विकास होता है।
वहीं सुमेरपुर क्षेत्र के प्रगतिशील किसान रामसनेही साहू, संतोष सिंह, दुलीचंद्र विश्वकर्मा, राधेश्याम तिवारी, राजाराम अनुरागी आदि ने बताया कि मौजूदा में फसलों को बादलों की नहीं बल्कि पछुवा हवाओं के साथ धूप की जरूरत है।