12वीं में 97 फीसदी अंक पाकर प्रदेश में दूसरा स्थान हासिल करने वाली स्नेहा डाक्टर बनकर गरीबों की सेवा करना चाहती है। स्नेहा ने अपनी सफलता का श्रेय माता पिता व गुरुजनों को दिया है।
स्नेहा के पिता रामसनेही विश्वकर्मा नेशनल इंटर कालेज में प्रवक्ता हैं। रामसनेही मूल रूप से जनपद जालौन के कोटरा गांव के निवासी हैं। रविवार को स्नेहा के दादा की त्रयोदशी होने के कारण पूरा परिवार कोटरा में हैं।
मोबाइल से प्रवक्ता रामसनेही को बेटी की सफलता की जानकारी दी गई तो मां सुनीता देवी व भाई मनीष ने लड्डू खिलाकर खुशी का इजहार किया। अमर उजाला से फोन पर हुई बातचीत में स्नेहा ने बताया कि वह आगे डाक्टर बनना चाहती है।
ताकि गरीबों और असहायों की सेवा कर सके। उनका मानना है कि ज्यादातर छात्र आईएएस बनने की तैयारी करते हैं। उनके माता पिता ने हमेशा आगे बढ़ने की हिम्मत दी है। वह सफलता का श्रेय माता पिता व गुरुजनों को देती हैं।
स्नेहा के पिता रामसनेही ने कहा कि वह बेटी और बेटे को बराबर अच्छी शिक्षा दिलाने में पूरा ध्यान लगा रहे हैं। बेटी की इच्छा है कि किसी अच्छे एमबीबीएस कालेज में दाखिला ले। विद्यालय के प्रधानाचार्य रामप्रकाश पथिक ने बताया कि स्नेहा ने भौतिक विज्ञान में 100, जीव विज्ञान में 98, रसायन में 96, अंग्रेजी में 96 व हिंदी में 95 अंक प्राप्त किए हैं।