रमजानुल मुबारक समाप्त होने में अब मात्र तीन दिन बचे
हैं। मस्जिदों में तरावीह का सिलसिला भी समाप्त हो गया है। लोग ईद की
तैयारियां में जुट गए हैं। सामाजिक संस्थाएं गरीबों को ईद का सामान मुहैया
करा रही हैं।
ह्यूमन वेलफेयर फाउंडेशन द्वारा प्रायोजित कार्यक्रम
में गरीबों को ईद के सामानों की किट दी गई। किट में सेवइयां, मेवा मसाला,
तेल, चावल, आटा, बेसन और नगद धनराशि दी। साथ ही अन्य संस्थाएं भी गुप्त रूप
से गरीबों की सहायता कर रही है। रमजान की तरावीह कस्बे की करीब 40
मस्जिदों में पढ़ाई गई।
तरावीह पढ़ाने वाले हाफिजों को लोगों ने
नजराना भी अच्छा खासा दिया। कुछ हाफिजों ने यह नजराना उन्हीं मस्जिदों को
सौंप दिया। इसके अलावा रोजा इफ्तार का क्रम जारी हैं। पहले बसपा के संजय
दीक्षित ने रोजा इफ्तार के नाम पर लंगर किया।
इसमें महिलाएं और
बच्चे सभी शामिल रहे। उन्होंने यतीम खाने को 50 हजार रुपये का जनरेटर
मुहैया कराया। समिति अध्यक्ष अलीमुद्दीन व अन्य पदाधिकारियों ने उन्हें
बधाई दी। बुधवार को जिला पंचायत अध्यक्ष जितेंद्र मिश्रा ने रोजा इफ्तार के
नाम पर लंगर का आयोजन किया।