भरुआ सुमेरपुर (हमीरपुर) कस्बे में नवरात्र की अष्टमी के दिन कन्या भोज बनाते समय गैस सिलिंडर के लीकेज होने से लगी आग से झुलसे एक और युवक की इलाज के दौरान केजीएमयू लखनऊ में मौत हो गई।
इस हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर अब तीन हो गई है। वहीं, इतने ही लोग अभी भी भर्ती हैं। एक-एक करके तीन मौतों से मोहल्ले में मातम पसरा है।
बीते 10 अक्तूबर की सुबह करीब आठ बजे कस्बे के वार्ड नंबर पांच में राजाराम प्रजापति के आंगन में नवरात्र की अष्टमी पर कन्या भोज के लिए खीर बनाई जा रही थी। तभी गैस सिलिंडर का पिनलॉक टूट जाने से तेजी से फैली गैस ने आग पकड़ ली।
इसी आग की चपेट में आकर गृहस्वामी राजाराम व उसकी पत्नी तिजिया सहित कुल 11 लोग झुलस गए थे। इनमें छह लोगों को हमीरपुर से कानपुर और फिर कानपुर से केजीएमयू लखनऊ रेफर किया गया था।
15 अक्तूबर को गृहस्वामी राजाराम और 16 अक्तूबर की सुबह सुनील (24) की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। वहीं, शनिवार को राजाराम के पौत्र दुर्गेश (22) ने भी इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पोस्टमार्टम के बाद दुर्गेश का शव कस्बे में आते ही कोहराम मच गया है।
अभी तिजिया, संदीप और अमित कुमार का गंभीर हालत में इलाज चल रहा है। रविवार की सुबह दुर्गेश का अंतिम संस्कार किया गया। परिजनों ने बताया कि धनाभाव के कारण लखनऊ में सही ढंग से दवाओं का इंतजाम नहीं हो पा रहा है।
इससे परेशान परिजन तिजिया को सुमेरपुर और संदीप को लखनऊ से कानपुर लाकर इलाज करवा रहे हैं। परिजन नाते रिश्तेदारों सहित मित्रों से आर्थिक मदद दिये जाने की गुहार लगा रहे है।