हमीरपुर। सदर अस्पताल में पांच दिनों से भर्ती निमोनिया से ग्रसित मासूम की हालत में सुधार होने पर परिजन उसे लेकर जैसे अस्पताल से बाहर निकले, अचानक उसकी तबियत खराब हो गई। घरवाले उसे दोबारा अस्पताल ले गए। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मझगवां थानाक्षेत्र के खैराका गांव निवासी नीरेंद्र के दो वर्षीय पुत्र कार्तिक को शनिवार तेज बुखार आने पर परिजनों ने उसे सदर अस्पताल में भर्ती कराया था। चिकित्सकों ने उसका इलाज शुरू किया।
बुधवार को मासूम की हालत में सुधार होने पर परिजन उसे घर ले जाने लगे। जैसे ही परिजन उसे लेकर अस्पताल गेट के बाहर निकले मासूम की हालत खराब होने लगी। इस पर उसके दादा हरनारायण व बुआ उमा उसे दोबारा अस्पताल लेकर पहुंचे।
यहां बालरोग चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिससे परिजनों में कोहराम मचा है। चिकित्सक राधेरमण ने बताया मासूम को निमोनिया था। परिजनों ने उसे पांच दिन पूर्व अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
बुधवार को हालत में कुछ सुधार होने पर उन्होंने परिजनों को घर ले जाने से मना किया था। लेकिन परिजन नहीं माने।
सदर अस्पताल में पांच दिनों से चल रहा था इलाज
अमर उजाला ब्यूरो