मुख्यालय स्थित गायत्री शक्तिपीठ में 24 कुंडीय गायत्री यज्ञ का रविवार से शुभारंभ हुआ। 24 वेदियों में सपत्नी बैठे यज्ञ कर्ताओं ने वैदिक विधि विधान से यज्ञ क्रियाएं संपन्न कराईं।
शांतिकुंड हरिद्वार से आए टोली नायक बालरूप शर्मा, रामतपस्या आचार्य, वादक भैरवप्रसाद व गायक धन्नूलाल का जिलाध्यक्ष चंद्रशेखर मिश्र व उमेश शुक्ला ने मंगल तिलक किया। मौके पर वैदिक साहित्य प्रदर्शनी का शुभारंभ शांतिकुंज के मनीषियों ने दीप प्रज्ज्वल कर किया।
सह संयोजक डॉ. एलएल त्रिपाठी ने वैदिक साहित्य के महत्व पर प्रकाश डाला। बालरूप शर्मा ने प्रज्ञा पुराण के माध्यम से अध्यात्म की संगीतमयी धारा बहाई। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति उत्सव प्रधान संस्कृति है। आयोजन स्थल पर पूजा पाठ के स्टॉल भी लगाए गए।
सोमवार प्रात: छह से आठ बजे तक योग प्राणायाम, सामूहिक ध्यान साधना, आठ से 11 बजे तक गायत्री यज्ञ आदि कार्यक्रम होंगे। आयोजक मंडल में कामिनी निगम, रमाकांत गुप्ता, पुष्पा सिंह, शिवप्रसाद धुरिया, राधेश्याम वार्ष्णेय, पुष्पेंद्र कृष्ण गुप्ता, ममता सचान, सुमन शर्मा, बल्देव प्रसाद, बिट्टो सिंह, विमला गुप्ता, गीता सचान, रामकुमार गुप्ता, रमेश बाबू, मनीष और मोनू का योगदान रहा।