यूपी बोर्ड की परीक्षा को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इस साल 12 हजार विद्यार्थी बढ़ गए हैं, जिनके लिए करीब 15 से 20 नए परीक्षा केंद्र बनाने की तैयारी है। जिला समिति को 25 अक्टूबर तक परीक्षा केंद्र का निर्धारण कर लेना है। परीक्षार्थियों की संख्या ऑनलाइन उपलब्ध कराने के लिए अब हर परीक्षा केंद्र पर दो कंप्यूटर और एक ऑपरेटर रखना अनिवार्य कर दिया गया है। इसकी व्यवस्था केंद्र व्यवस्थापक को करनी होगी।
पिछले साल 149781 विद्यार्थियों की परीक्षा कराने के लिए 234 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। इनमें दो परीक्षा केंद्र शासन के निर्देश पर बाद में बनाए गए थे। इस साल 162154 विद्यार्थी हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की परीक्षा में शामिल होंगे। हाईस्कूल में 52050 छात्र व 41181 छात्राएं और इंटरमीडिएट में 35665 छात्र व 33258 छात्राएं पंजीकृत हैं। डीआईओएस एएन मौर्या ने बताया कि मोबाइल एप से पिछले साल परीक्षा में शामिल विद्यार्थियों की संख्या भेजनी थी लेकिन तकनीकी दिक्कतें आई। इस साल विकल्प के तौर कंप्यूटर की व्यवस्था परीक्षा केंद्रों पर होगी और इंटरनेट से डेटा भेजना होगा।
जेनरेटर या इनवर्टर लगाना होगा
परीक्षा के दौरान बिजली जाने पर अंधेरा न हो इसके लिए जेनरेटर या इनवर्टर की व्यवस्था करनी होगी। शासन के निर्देश के मुताबिक परीक्षा केंद्रों के व्यवस्थापकों को इस संबंध में सख्त हिदायत भी दी जाएगी। लापरवाही पर व्यवस्थापक पर कार्रवाई होगी।
दो सालों के विद्यार्थियों का विवरण
वर्ष हाईस्कूल इंटरमीडिएट
2016 82129 67652
2017 93231 68926
जिले में विद्यालयों की संख्या
राजकीय विद्यालय 20
वित्तपोषित विद्यालय 117
वित्तविहीन विद्यालय 289