गोरखपुर के कुशीनगर पडरौना कोतवाली क्षेत्र के पचफेड़ा गांव में ट्रैक्टर से कुचलकर उमेश चौहान की हुई मौत की घटना से नाराज गांव वालों ने हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर रविवार की सुबह खिरकिया में एक घंटे तक जाम लगाया।
पोस्टमार्टम के बाद शाम को शव गांव पहुंचा तो लोग फिर उग्र हो गए। पीड़ित के दरवाजे पर शव को रख कर लोग हत्या का केस दर्ज करने की मांग पर अड़ गए। लोगों का आरोप था कि पुलिस दुर्घटना में मौत होने का केस दर्ज कर लीपापोती कर रही है। जब तक हत्या का केस दर्ज नहीं होगा, तब तक शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। पुलिस और गांव वाले कई बार आमने- सामने हुए।
तीन थानों की पुलिस फोर्स मौके पर तैनात कर दी गई। पडरौना कोतवाली क्षेत्र के पचफेड़ा गांव में जमीन के एक हिस्से को लेकर दो पक्षों में विवाद था। शनिवार की शाम को एक पक्ष के लोग विवादित जमीन पर मिट्टी गिरा रहे थे। गांव के ही तीसरे व्यक्ति उमेश चौहान ने मिट्टी गिराने से मना किया।
आरोप है कि उमेश के ऊपर ट्रैक्टर चढ़ा दिया गया। जिससे उसकी मौत हो गई। रविवार की सुबह करीब साढ़े नौ बजे उमेश चौहान के घरवालों के साथ गांव के लोग खिरकिया बाजार में पहुंचे और पडरौना-जटहां मार्ग को जाम कर धरने पर बैठ गए। इसकी सूचना मिलने पर एसपी राजीव नारायण मिश्र मौके पर पहुंचे।