जाम से निजात दिलाने की दिशा में कमिश्नर ने शुक्रवार को एक और पहल की। उन्होंने रेलवे बस स्टेशन के आरएम को दफ्तर बुलाकर सड़कों पर बेतरतीब खड़े होने वाली बसों को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि चालक लखनऊ या दिल्ली जाने वाली बसें एक साथ सड़क पर खड़ी कर यात्रियों का इंतजार करते हैं जिससे वहां प्राय: जाम लग जाता है।
उन्होंने कहा कि लखनऊ जाने वाली एक बस में जब यात्री पूरे हो जाएं तभी दूसरी में यात्री बैठाए जाएं। यही फार्मूला दिल्ली की बसों के लिए भी लागू किया जाए। कमिश्नर ने आरएम को नसीहत दी कि लखनऊ या दिल्ली की बसों की रवानगी को लेकर समय का निर्धारण कर दिया जाए और किसी भी दशा में एक साथ कई बसें न खड़ी होने दी जाए। बता दें कि रेलवे बस स्टेशन के सामने लगने वाले जाम के मद्देनजर ही पूर्व एसएसपी लव कुमार ने यूनिवर्सिटी चौराहे से लेकर रेलवे स्टेशन तक अस्थाई डिवाइडर लगवा दिए थे।
जाम से निजात की दिशा में बने एक्शन प्लान के मुताबिक जीडीए को वहां स्थाई डिवाइडर बनाने हैं। प्राधिकरण ने एक जनवरी से ही वहां डिवाइडर का निर्माण शुरू हो जाने का दावा किया था मगर उसपर अमल अब तक नहीं हो सका।