फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फरार कैदियों की लोकेशन बिहार के बगहा में मिली

Thu, 26 Nov 2015 02:11 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
गोरखपुर। कचहरी सेशन हवालात से फरार हुए कैदी योगेश मिश्र और सूरज की लोकेशन बिहार के बगहा वाल्मीकिनगर में मिली है। दोनों को पकड़ने के लिए सीओ क्राइम, कैंट पुलिस, क्राइम ब्रांच की टीम रवाना हो चुकी है।
विज्ञापन

उधर, सीओ क्राइम ने बुधवार की दोपहर मंडलीय कारागार पहुंचकर दोनों की बैरकों में बंद कैदियों से पूछताछ कर दोनों के बारे में जानकारी जुटाई।
कचहरी के सेशन हवालात में बने शौचालय की दीवार तोड़कर बेलघाट के मनकापार मझिली टोला निवासी दिवंगत श्रीनिवास के पुत्र सूरज पांडेय और कैंपियरगंज के लालपुर राखूखोर निवासी योगेश मिश्र फरार हो गए थे। दोनों के भागने की जानकारी मिलने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया।
मंगलवार देर रात तक पुलिस ने रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, बेलघाट, कैंपियरगंज और शहर के कई अन्य स्थानों पर दबिश दी थी, लेकिन दोनों का पता नहीं चला। बुधवार की सुबह सीओ क्राइम अभय कुमार मिश्र अपनी टीम के साथ मंडलीय कारागार पहुंचे। उन्होंने जेल की बैरक नंबर दो और आठ में बंद कैदियों से दोनों के बारे में पूछताछ की। एक घंटे तक बंदियों से पूछताछ करने के बाद वे लौट गए। सूत्रों के मुताबिक बिहार के बगहा वाल्मीकिनगर में दोनों की लोकेशन मिलने के बाद सीओ क्राइम, कैंट पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम रवाना हो चुकी है।
विज्ञापन

एसएसपी ने फरार दोनों कैदियों पर पांच-पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। इस संबंध में उन्होंने फाइल डीआईजी को भेज दी है।
इनसेट
नेपाल भाग जाऊंगा
दोनों बैरक में कैदियों से पूछताछ में पुलिस को पता चला कि भागने का प्लान दोनों काफी दिनों से बना रहे थे। साथ में बंद बंदियों से अक्सर वे कहते थे कि जेल से अगर भागने का मौका मिला तो नेपाल जाऊंगा।
वहां पुलिस कभी पकड़ नहीं पाएगी। यह जानकारी मिलने के बाद अफसरों ने बार्डर के पुलिस थानों और चौकियों में उनकी फोटो भेज दी है ताकि उन्हें पकड़ा जा सके।
कचहरी में मिला था दीवार तोड़ने का औजार
कचहरी में योगेश की पेशी पहले और सूरज की सबसे अंत में थी। मंडलीय कारागार से दोनों अलग-अलग गाड़ियों से कचहरी आए थे। सूत्रों के मुताबिक सेशन हवालात की दीवार तोड़ने का औजार उन्हें कचहरी में ही मिला था। हालांकि पुलिस अधिकारियों का मानना है कि भागना किसी एक को ही था लेकिन दूसरा मौके का लाभ उठाकर निकल गया।
मुलाकातियों की बन रही सूची
जेल में योगेश और सूरज से मिलने वालों की सूची जेल अधिकारियों से मिलकर तैयार कराई जा रही है। अधिकारियों का मनाना है कि कचहरी से भागने के दौरान दोनों की मदद उनके मिलने वालों ने ही की है।
विज्ञापन

ऐसे में यह पता चल जाएगा कि उनसे मिलने के लिए एक सप्ताह में कौन-कौन आया था।
दोनों को पकड़ने के लिए पुलिस की कई टीमें लगी हुई हैं। जेल में उनसे मिलने वालों की भी सूची तैयार की जा रही है। जल्द ही दोनों को पकड़ लिया जाएगा।
- लव कुमार, एसएसपी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें