एम्स को लेकर फंसे पेंच के बीच एक राहत देने वाली सूचना है। शहर में सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल बनाने की कवायद शुरू हुई है। अगर यह योजना सफल हुई तो गंभीर रोगों के मरीज लखनऊ, दिल्ली, बंगलुरू और दूसरे बड़े शहरों की दौड़ लगाने से बच जाएंगे। शासन के निर्देश पर जिला प्रशासन ने जमीन की तलाश कर ली है। डीएम की निगरानी में सोमवार को सिटी मजिस्ट्रेट ने इस जमीन का प्रस्ताव भी तैयार कर लिया है। माना जा रहा है कि मंगलवार को इसे शासन को भेज दिया जाएगा।
डीएम ओएन सिंह ने ‘अमर उजाला’ को बताया कि प्रमुख सचिव स्वास्थ्य और एनआरएचएम के एमडी से वार्ता के बाद गोरखनाथ क्षेत्र स्थित कुष्ठ आश्रम की 16 एकड़ जमीन में से पांच एकड़ जमीन सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल के लिए चुनी गई है। उन्होंने इस बात की भी सिफारिश की है कि हॉस्पिटल में सभी गंभीर रोगों के इलाज के साथ ही कुष्ठ रोगियों के इलाज का भी इंतजाम किया जाए। इसके अलावा यहां अत्याधुनिक ओटी, सभी विभागों की ओपीडी के लिए सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक, दूसरे शहरों के नामी डॉक्टरों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के अलावा इंटर कॉन्फ्रेंसिंग समेत कई सुविधाएं होंगी।