मेडिकल कॉलेज में बुधवार को शव के पोस्टमार्टम को लेकर जमकर हंगामा हुआ। संदिग्ध परिस्थिति में जली महिला की मौत के बाद परिवार वाले शव घर ले जाना चाहते थे। मगर कॉलेज के कर्मचारी ने नियम का हवाला देते हुए शव को मोर्चरी भेज दिया। इसी बीत पर घर वाले कर्मचारी से उलझ और हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस की सख्ती के बाद घर वाले शांत हुए।
कुशीनगर के रामकोला निवासी नूरहसन की पत्नी आरसी खातून 10 जून को संदिग्ध परिस्थिति में जल गई थी। इलाज के लिए उसे मेडिकल कॉलेज के बर्न वार्ड में भर्ती कराया गया था, जहां बुधवार सुबह नौ बजे के करीब उसकी मौत हो गई। इसके बाद परिवार वाले पोस्टमार्टम कराने से इन्कार करते हुए शव घर ले जाने की जिद करने लगे। वार्ड के कर्मचारी ने बिना पोस्टमार्टम शव न ले जाने की बात कही तो घर वाले उससे उलझ गए।
पास में ही खड़े गार्ड ने इसकी सूचना इमरजेंसी में तैनात गार्ड और मेडिकल कॉलेज चौकी पुलिस को दी। सूचना पाते ही गार्ड एकत्र हो गए और पुलिस भी पहुंच गई। इसके बाद घर वाले और हंगामा मचाने लगे। मगर पुलिस की सख्ती के बाद घर वाले शांत हो गए और शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया गया।