जीडीए सचिव का घेराव करते राप्ती विस्तार आवासीय संघर्ष समिति के लोग।
- फोटो : shivharsh
राप्तीनगर विस्तार के आवंटियों के लिए राहत भरी खबर है। शासन 27 अप्रैल को आवंटियों के संबंध में महत्वपूर्ण फैसला ले सकता है। सचिव आवास ने जीडीए उपाध्यक्ष और भूमि अध्याप्ति अधिकारी को सभी दस्तावेजों के साथ बुलाया है। सोमवार को इस संबंध में शासन से फैक्स आने के बाद अधिकारी दस्तावेजों को जुटाने में व्यस्त हो गए। उधर आवंटियों ने भूमि पर कब्जा न मिलने पर सोमवार को जीडीए सचिव का घेराव किया।
जीडीए के पूर्व उपाध्यक्ष शिव श्याम मिश्रा ने राप्तीनगर विस्तार योजना के आवंटियों को 17 अप्रैल तक भूखंड का कब्जा देने का आश्वासन दिया था। लेकिन निर्धारित तिथि में कब्जा नहीं मिलने पर संघर्ष समिति के अध्यक्ष मधुसूदन ओझा के नेतृत्व में दो दर्जन से अधिक आवंटी सोमवार को जीडीए कार्यालय पहुंचकर सचिव का घेराव किया और मांगों को लेकर उन्हें ज्ञापन सौंपा।
इसके बाद सचिव ने कमिश्नर पी. गुरुप्रसाद से फोन पर बात कर उन्हें आवंटियों की दिक्कतों के बारे में जानकारी दी। कमिश्नर की पहल के बाद दिन में करीब दो बजे जीडीए उपाध्यक्ष कार्यालय में इस संबंध में 27 अप्रैल को सचिव आवास के साथ बैठक के बाबत एक फैक्स आया। श्री ओझा ने बताया कि 21 अप्रैल से आवंटी जीडीए परिसर में धरना देंगे। जब तक भूखंड पर कब्जा नहीं मिल जाता है तब तक अनशन जारी रहेगा।
इस दौरान हरि सहाय शुक्ला आरके पांडेय, राहुल सिंह, विजय कुमार, अशोक अस्थाना, सुनील कुमार गुप्ता, ताजुद्दीन, राजेंद्र प्रसाद पांडेय आदि मौजूद रहे।