18 साल बाद मिले पावर लिफ्टिंग के सामान के साथ खिलाड़ी।
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रीजनल स्पोर्ट्स स्टेडियम में 18 साल बाद पॉवरलिफ्टिंग के उपकरण आने से खिलाड़ियों में खुशी है। जुगाड़ से किसी तरह अभ्यास कर प्रतियोगिता में भाग लेने वाले खिलाड़ियों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में वे और बेहतर प्रदर्शन करेंगे।
रीजनल स्पोर्ट्स स्टेडियम में पॉवरलिफ्टिंग का खेल वर्ष 2001 में बंद हो गया था, लेकिन खिलाड़ियों की मांग को देखते हुए 2013 में इसका प्रशिक्षण फिर से शुरू किया गया, लेकिन 1998 में उपकरण से ही काम चलाया जा रहा था। इसके बावजूद प्रदेशीय प्रतियोगिता में गोरखपुर मंडल का प्रदर्शन सबसे शानदार रहा।
इतना ही नहीं, गोरखपुर मंडल के कई खिलाड़ियों ने यूपी टीम की तरफ से राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भी शिरकत की। खिलाड़ियों के बेहतर प्रदर्शन को देखते हुए क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी एसएएच नकवी ने नए उपकरण का प्रस्ताव बनाकर खेल निदेशालय को भेजा था। वहां से प्रस्ताव मंजूर होने के बाद खिलाड़ियों को अभ्यास के लिए उपकरण भेज दिए गए।
नए उपकरण आने से खिलाड़ियों का हौसला बढ़ा है। 18 साल बाद पॉवरलिफ्टिंग के उपकरण मिले हैं। अब खिलाड़ी प्रदेशीय और राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में और अच्छा प्रदर्शन कर सकेंगे।
- प्रवीण, प्रशिक्षण पॉवर लिफ्टिंग
खिलाड़ियों को बेहतर सुविधा मिले, इस पर ध्यान दिया जा रहा है। जल्द ही अन्य खेलों का भी प्रशिक्षण शिविर शुरू हो जाएगा।
- एसएएच नकवी, क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी